Chattisgarh Naxali Attack Latest News: छत्तीसगढ़ में नक्सलियों और जवानों के बीच हुई मुठभेड़ में 17 जवान शहीद हो गए। यह सभी 17 जवान पहले लापता बताए जा रहे थे लेकिन अब इनके शव मिल गए हैं। आपको बता दें कि शनिवार की देर रात करीब 2.20 बजे सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित इलाके में इन अलग-अलग सुरक्षा बलों के जवानों ने एक एंटी नक्सल ऑपरेशन चलाया था। जिसके बाद नक्सलियों के साथ उनकी मुठभेड़ हुई थी।

इस मुठभेड़ में 13 जवान जख्मी हो गए थे और 17 जवान लापता बताए जा रहे थे। न्यूज एजेंसी ‘PTI’ के मुताबिक रविवार (22 मार्च, 2020) को इन सभी लापता जवानों के शव मिले हैं। यह भी जानकारी मिली है कि घायल जवानों में से 2 की हालत गंभीर है। न्यूज एजेंसी से बातचीत करते हुए इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (बस्तर रेंज) सुंदाराज पी ने कहा कि सभी जवानों के शवों को सर्च टीम ने जंगल में ढूंढ कर बरामद किया।

बताया जा रहा है कि जब पेट्रोलिंग टीम मिनपा गांव के पास स्थित जंगलों में थी तब ही करीब 250 हथियारबंद नक्सलियों ने सुरक्षा बलों की टीम पर हमला बोल दिया। नक्सलियों के पास भारी-भरकम हथियार थे। इस मुठभेड़ में 13 जवान घायल हो गए जबकि एनकाउंटर के बाद से ही 17 जवान गायब बताए जा रहे थे। रविवार की अहले सुबह सर्च टीम ने इस इलाके में लापता जवानों की तलाश शुरू कर दी थी। जिसके बाद अब उनके शव मिले हैं।

हालांकि इससे पहले एक आधिकारिक स्टेटमेंट में 13 जवानों के लापता होने की बात सामने आई थी। बहरहाल आपको बता दें कि इस एनकाउंटर में घायल हुए जवानों को एयरलिफ्ट कर रायपुर ले जाया गया था और उनका इलाज निजी अस्पताल में चल रहा है। इलाज करा रहे घायल जवानों में से 2 की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक कम से कम 16 ऑटोमैटिक हथियार, ग्रेनेड लॉन्चर भी इस एनकाउंटर के बाद से गायब हैं।

आपको बता दें कि इस नक्सल नाशक ऑपरेशन को District Reserve Guard (DRG), Special Task Force और CoBRA (Commando Battalion for Resolute Action) ने मिलकर चलाया था। इसमें 600 जवान शामिल थे। सुरक्षा बलों को गुप्त सूचना मिली थी कि एल्मागुंडा के इलाके में नक्सली जमा हैं जिसके बाद इस ऑपरेशन को अंजाम दिया गया था। एल्मागुंडा राजधानी रायपुर से करीब 450 किलोमीटर दूर स्थित है। इस इलाके में जवानों के पहुंचते ही नक्सलियों ने उनपर फायरिंग शुरू कर दी थी। जिसके बाद पुलिस के जवानों ने मोर्चा संभाला था।