इंडियन रेलवे से सफर करने वालों को इंडियन रेलवे कैटरिंग टूरिज्म कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) बड़ी सहूलियत देने पर विचार कर रहा है। इसके तहत यात्रियों के ठहरने के लिए बड़ी संख्या में ‘पॉड’ होटल बनाने की तैयारी की जा रही है। इसमें छोटे-छोटे कैप्सूल नुमा कमरे तैयार किए जाएंगे। लोगों को यह कमरे काफी कम कीमत पर दिए जाएंगे। हालांकि यह सुविधा अभी पूरे देश में नहीं बल्कि पहले सिर्फ मुम्बई सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर मिलेगी। इस प्लान के लिए वेस्टर्न रेलवे को प्रस्ताव भेजा गया है। जिस पर हरी झंडी मिलती ही काम शुरु कर दिया जाएगा।
प्लान के तहत यात्रियों को रुकने के लिए यह कमरे 12 घंटे के लिए दिए जाएंगे। आईआरसीटीसी ऐसे करीब 30 कमरे बनवाएगा। इसके साथ ही यहां ठहरने वालों को लाउंज एरिया, कैफेटेरिया, चेंजिंग एरिया और वाशरूम की सुविधा भी मिलेगी। तैयार कराए जाने वाले यह कमरे एयर कंडीशंड होंगे। इन कमरों में टीवी, वाई-फाई, पर्सनल लॉकर, स्लाइडिंग डोर्स के साथ स्मोक डिटेक्टर भी लगाया जाएगा।
इस प्लान पर अधिकारियों का कहना है कि इन्हें रिटायरिंग रूम्स की तुलना में कम कीमत पर लोगों को दिया जाएगा। साथ ही बताया गया कि मुम्बई सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर प्रस्तावित यह योजना अगर सफल होती है तो इसे देश के अन्य स्टेशनों पर भी लागू किया जाएगा। आईआरसीटीसी के प्रवक्ता ने बताया कि, इन कमरों को बनाने का कारण लोगों की सहूलियत उपलब्ध कराना है। जिसके तहत कोई भी अल्ट्रा मॉडर्न और आराम का अहसास सस्ते में कर सके।
उन्होंने बताया कि रेलवे की तरह से हामी भरने पर इस योजना पर काम शुरू कर दिया जाएगा। इसके साथ ही इन्हें बनाने की जगह भी तलाश ली गई है। इन कमरों को करीब 4 हजार स्क्वायर फीट जमीन पर बनवाया जाएगा। आईआरसीटीसी के ही एक अन्य अधिकारी ने बताया कि, ‘पॉड’ होटल को बनाने के लिए विचार विमर्श किया जा चुका है। वेस्टर्न रेलवे को इसका प्रस्ताव भी भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि, मंजूरी मिलते ही इनके इंटीरियर और एक्सटीरियर डिजायन पर काम शुरू कर दिया जाएगा।
