अज़ान के लिए लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर बॉलीवुड गायक सोनू निगम का विवाद अभी थमता नहीं दिख रहा है। अपने ट्वीट के बाद मंगलवार को सोनू फतवे के अनुसार गंजे भी हो गए। इसके साथ ही इस मुद्दे पर सब अपने अपने विचार रख रहे हैं। मशहूर फिल्म निर्देशक विवेक अग्निहोत्री ने एक वीडियो शेयर किया जिसमें ये दावा किया जा रहा है। सोनू निगम के घर के पास अजान की आवाज आती है। दरअसल सोनू के खिलाफ महाराष्ट्र पुलिस से शिकायत दर्ज कराई गई है। रज़ा एकेडमी के सचिव मो. सईद नूरी ने मुंबई पुलिस कमिश्नर को पत्र भेजकर कहा है कि सोनू निगम द्वारा अज़ान को ‘गुंडागर्दी’ कहे जाने से लोगों में गुस्सा है। नूरी ने कहा है है कि ‘ये बयान जानबूझकर धार्मिक अशांति फैलाने के उद्देश्य से दिए गए हैं, यह इस बात से साफ हो जाता है कि सोनू निगम जिस इलाके में रहते हैं, उसके आस-पास कोई मस्जिद नहीं है।’ वहीं एक उर्दू वेबपोर्टल के महिला पत्रकार ने भी दावा किया है कि सोनू के घर के पास अजान की कोई आवाज सुनाई नहीं देती। इसी के जवाब में ये वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा। सोनू के मुद्दे पर कई सेलिब्रिटी खुल कर ट्वीट कर अपना समर्थन भी जता चुके हैं। अभिजीत, सुनील ग्रोवर और अनुपम खेर भी इस मुद्दे पर सोनू निगम का साथ दे चुके हैं।
This is near sonu nigam's house which somehow reporters with @AliyaNazki couldn't hear. Anyway he never mentioned his house either. https://t.co/CNo2qzWz4O
— shilpi tewari (@shilpitewari) April 19, 2017
BBC lies. Absolute lie. I live close by and will send you a recording as Azaan will start blaring on illegal loudspeakers any time now. https://t.co/g77PCaRG6p
— Vivek Ranjan Agnihotri (@vivekagnihotri) April 19, 2017
Dear @AliyaNazki and @BBCUrdu stop spreading lies. See the recording of Azaan just now. Behind the tree is masjid and under police chowki. pic.twitter.com/CUmSIlmRc8
— Vivek Ranjan Agnihotri (@vivekagnihotri) April 19, 2017
ये सारा विवाद तब शुरू हुआ जब सोनू ने 17 अप्रैल को ट्वीट्स में लिखा, ”ईश्वर सबका भला करे। मैं मुस्लिम नहीं हूं और मुझे सुबह अज़ान के चलते उठना पड़ता है। भारत में यह जबरन धार्मिकता कब खत्म होगी? जब मोहम्मद ने इस्लाम बनाया तब बिजली नहीं थी। एडिसन के बाद भी मुझे यह शोर क्यों सुनना पड़ता है? मैं किसी मंदिर या गुरुद्वारे द्वारा उन लोगों को जगाने के लिए बिजली के उपयोग को जायज नहीं मानता जो धर्म पर नहीं चलते। फिर क्यों? ईमानदारी? सच्चाई? गुंडागर्दी है बस।”

