पिछले साल जम्मू कश्मीर में शहीद होने वाले हवलदार हंगपन दादा के ऊपर सेना ने शॉर्ट फिल्म बनाई है। बेहद भावुक इस फिल्म में हंगपन दादा के जीवन, बहादुरी और परिवार के विषय में बताया गया है। वीडियो में उनकी पत्नी, बच्चे, परिवार और सेना में उनके साथी दिखाए गए हैं। हंगपन दादा का पिछले साल मई में आतंकियों से हुए मुठभेड़ को फिल्म में दिखाया गया है। इस साल 26 जनवरी राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने राष्ट्रीय राइफल्स के हवलदार हंगपन दादा को मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया। शांति काल में अदम्य साहस और बहादुरी का परिचय देने को लेकर सर्वोच्च वीरता पुरस्कार शहीद दादा की पत्नी चासेन लोवांग ने स्वीकार किया। पुरस्कार प्राप्त करने के दौरान वह अपने आंसुओं को रोकने की मशक्कत कर रही थी। गौरतलब है कि 26 मई को नौगाम सेक्टर में एक मुठभेड़ के दौरान अपने दल के भारी गोलीबारी से घिर जाने पर दादा ने पत्थरों और चट्टानों की आड़ लेकर अपने साथियों की जान बचाई थी।

प्रशस्ति पत्र में कहा गया है कि उन्होंने काफी करीब से दो आतंकवादियों को मार गिराया। इस दौरान वह गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके बावजूद भी उन्होंने बाकी बचे आतंकवादियों से लोहा लिया। इस प्रक्रिया में तीसरे आतंकवादी से उनका सामना हुआ जिसे उन्होंने निहत्थे मार गिराया, लेकिन इस कोशिश में उन्होंने अपने प्राण न्यौछावर कर दिए। इसमें कहा गया है कि उनकी कार्रवाई के चलते चौथे आतंकवादी का भी खात्मा हो सका।