उत्तर प्रदेश चुनाव के बाद ईवीएम पर सवाल खड़े हो गए है। चुनाव हारने के बाद मायावती की तरफ से प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा गया था कि बीजेपी ने ईवीएम मशीन में छेड़छाड़ करके चुनाव में बहुमत हासिल किया है। इसके बाद अरविंद केजरीवाल ने भी बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करके पंजाब मे अपनी हार का ठिकरा ईवीएम मशीन पर फोड़ दिया। इसके बाद एक एक करके कई राजनीतिक पार्टी ने ईवीएम पर सवाल खड़े किए हैं। इसी विषय पर बहस करते हुए एक न्यूज चैनल में बसपा महिला नेता ने पीएम मोदी को चुनौती देते हुए कहा कि, ” तो मोदी जी में दम है, और वो सत्ता में आए हैं तो करवा ले दोबारे बैलेट पेपर से इलक्शन लेनी हिम्मत होनी चाहिए। 56 इंच का सीना दिखाते हैं ना तो दिखादे 56 इंज का सीना। मोदीजी में दम है तो करवाएं दोबारे इल्कशन। देश के प्रधानमंत्री का स्वर्ण अक्षर में नाम लिखा जाएगा और अगर नहीं करवाएंगे तो देश का सबसे बड़ा घोटाला अमित शाह और नरेंद्र मोदी के नाम पर जाएगा।” चुनाव के परिणाम आने के बाद से ही इस मामले में राजनीति शुरू हो चुकी है।
तमाम विपक्षी दल ईवीएम के साथ छेड़छाड़ की बात कर रहे हैं। हालांकि चुनाव आयोग से जुड़े अधिकारी इस तरह के किसी भी आरोप से इंकार कर रहे हैं। इसी मुद्दे पर बुधवार को अरविंद केजरीवाल के गुरू केजरीवाल के गुरु रहे समाजसेवी अन्ना हजारे ने कहा है कि, ‘दुनिया तेजी से तरक्की कर रही है और यहां हमलोग बैलट पेपर के जमाने में जाने की चर्चा कर रहे हैं।’ अन्ना हजारे ने कहा कि ईवीएम के इस्तेमाल में कोई दिक्कत नहीं है, और चुनावों में निश्चित रुप से इसका इस्तेमाल किया जाना चाहिए। अन्ना हज़ारे ने ये भी कहा कि, ‘मतगणना में कोई गलती न हो इसके लिए एक टोटलाइजर मशीन का भी इस्तेमाल किया जाना चाहिए।’
BSP leader Ritu Singh dares PM @narendramodi to fight another election. #NEWSROOM
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