पूर्व सांसद जया प्रदा को उत्तर प्रदेश फिल्म विकास बोर्ड का चेयरपर्सन नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति का फैसला समाजवादी पार्टी के सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के हरी झंडी देने के बाद किया गया है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इस नियुक्ति पर सहमत नहीं थे। लेकिन सांसद अमर सिंह के जया प्रदा को चेयरपर्सन न बनाने पर राज्य सभा से इस्तीफा देने की चेतावनी के बाद 24 घंटे में यह फैसला हो गया। सूत्रों का कहना है कि जया को मंत्री पद के समकक्ष का दर्जा भी दिया जा सकता है। जया की नियुक्ति से साफ होता है कि अमर सिंह सपा में मजबूत कद रखते हैं। पूर्व अभिनेत्री जया प्रदा मूल रूप से आंध्र प्रदेश की रहने वाली हैं लेकिन लंबे समय से यूपी की राजनीति में हैं। वह अमर सिंह के करीब मानी जाती हैं।
पिछले सप्ताह अमर सिंह ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि पार्टी में उनका अपमान किया गया। उन्होंने कहाकि पार्टी के कई नेता उनकी वापसी के विरोध में थे। गौरतलब है कि अमर सिंह की हाल ही में सपा में वापसी हुई है। इसके बाद मुलायम सिंह ने उन्हें राज्य सभा के लिए चुना था। जया प्रदा और अमर सिंह को फरवरी 2010 में सपा से निकाल दिया गया था। दोनों पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल रहने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की गई थी। अमर सिंह ने बाद में राष्ट्रीय लोक मंच नाम से पार्टी बनाई थी। लेकिन पार्टी एक भी सीट नहीं जीत पाई।
समाजवादी पार्टी में कलह: अमर सिंह ने दी इस्तीफे की धमकी, बोले- बेइज्जती की जा रही है
