महाराष्ट्र के धुले जिले में ग्रामीणों ने बच्चा चोरी करने वाले गिरोह का सदस्य होने के संदेह में रविवार को पांच लोगों की पीट-पीट कर हत्या कर दी। यह वारदात पुणे से 330 किलोमीटर दूर जिले के सकरी तहसील के रेनपाडा इलाके में दोपहर 12:30 से एक बजे के बीच हुई है। मारे गए सभी लोग रेनपाडा इलाके में राज्य परिवहन की बस से उतरे थे। उनमें से एक ने जब एक स्थानीय बच्ची से बातचीत करने की कोशिश की तो साप्ताहिक रविवार बाजार के लिए वहां मौजूद लोगों ने उनकी पिटाई शुरू कर दी। पुलिस महानिरीक्षक (नासिक रेंज) चेरिंग दोरजी के मुताबिक, पहले तो इन सभी को ईंट-पत्थरों से मारा गया। उसके बाद स्थानीय पंचायत भवन के कमरे में बंद कर लाठियों और डंडों से पीटा गया। पंचायत भवन में कई जगहों पर मारे गए लोगों के खून के धब्बे व मांस के टुकड़े बिखरे पड़े मिले। मारे गए लोगों की अभी तक पहचान नहीं हो सकी है। यह इलाका पिंपनेर थाना क्षेत्र में पड़ता है। भीड़ के हमले में मौके पर भेजे गए दो पुलिसकर्मी भी जख्मी हुए हैं।

आईजी दोरजी के मुताबिक पिंपलनेर के अस्पताल में शवों को रखा गया है। रेनपाडा इलाके में दोरजी समेत पुलिस के अन्य आला अफसरों की अगुआई में पुलिस की टीम तैनात की गई है। इस कांड के सिलसिले में 15 लोगों को हिरासत में लिया गया है। भीड़ में शामिल उकसाने वाले अन्य लोगों की पहचान के लिए मोबाइल में बनाए गए वीडियो की जांच की जा रही है। गिरफ्तार किए जाने वालों की संख्या में इजाफा हो सकता है। पिछले कुछ दिनों से अफवाह चल रही थी कि इलाके में बच्चा चोर गिरोह सक्रिय है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो के प्रसारित होने के बाद बच्चा चोरी की अफवाहें जगह-जगह तेजी से फैलीं। शुरुआती जांच में यह तथ्य सामने आया है कि लोगों ने अजनबियों से कोई पूछताछ किए या उनकी बात सुने बगैर उन सभी को पीटना शुरू कर दिया। उन लोगों में से एक ने जैसे ही स्थानीय बच्ची से बात करने की कोशिश की, लोगों ने घेरकर पीटना शुरू कर दिया। लोगों ने उन सभी को बच्चा चोर गिरोह का समझ लिया। पुलिस ने भीड़ द्वारा उन लोगों की पिटाई के कुछ वीडियो और फोटोग्राफ बरामद किए हैं।

पुलिस-प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। महाराष्ट्र के गृह राज्यमंत्री दीपक केसरकर के मुताबिक, सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो के चलते लोगों में संशय पनपा और फिर गुस्सा भड़का। इस मामले में जांच शुरू कर दी गई है। दीपक केसरकर दो जुलाई को घटनास्थल पर जाएंगे। पिछले कुछ हफ्तों में देश भर में सोशल मीडिया पर बच्चा चोरी की अफवाहें फैली हैं। इन अफवाहों की वजह से 20 मई के बाद से अब तक 14 लोगों की जान गई है। ऐसी घटनाएं पश्चिम बंगाल, असम, त्रिपुरा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र, कर्नाटक, मध्य प्रदेश और ओड़ीशा से सामने आई हैं।