पूरी कश्मीर घाटी में धीरे-धीरे सुधरते हालात को देखते हुए आज अशांत पुलवामा शहर से कर्फ्यू हटा लिया गया। हालांकि शहर के एमआर गंज और नोहट्टा ही घाटी के ऐसे क्षेत्र बचे हैं जहां अभी भी पाबंदियां लागू हैं। लेकिन अलगवावादी समर्थित हड़ताल के कारण आज 53वें दिन भी जनजीवन प्रभावित हुआ।

एक अधिकारी ने बताया, ‘‘श्रीनगर के केवल दो थाना क्षेत्रों एम आर गंज और नोहट्टा में आज कर्फ्यू लागू है।’’ उन्होंने बताया कि घाटी के औैर किसी भी क्षेत्र में कर्फ्यू नहीं लगाया गया है। अधिकारी ने बताया कि हालात में सुधार के मद्देनजर पुलवामा शहर से भी कर्फ्यू हटा लिया गया है। कल कुछ इलाकों में पत्थरबाजी की छिटपुट घटनाएं हुई थीं, लेकिन घाटी में आम तौर पर शांति बनी रही और हालात नियंत्रण में रहे।
तीन थाना क्षेत्रों को छोड़कर कल पूरी घाटी से कर्फ्यू हटा लिया गया था। श्रीनगर में भी हालात सामान्य होने लगे हैं और सड़कों पर निजी कारें तथा आॅटो रिक्शा नजर आ रहे हैं।

आज सुबह लाल चौक के इर्द-गिर्द वाहनों की आवाजाही बढ़ गई। लेकिन अलगाववादी समर्थित हड़ताल के कारण सड़कों से सार्वजनिक वाहन नदारद रहे। अलगाववादियों ने महिलाओं से जोहर (दोपहर की नमाज) से लेकर असर (दोपहर बाद की नमाज) तक स्थानीय चौकों और केंद्रों पर कब्जा जमाने का आह्वान किया। अलगवावादी गुटों ने हड़ताल की अवधि एक सितंबर तक बढ़ा दी है।