जम्मू-कश्मीर के हंदवाड़ा इलाके में सेना ने मुठभेड़ में दो आतंकी मार गिराए हैं। आतंकियों की सेना के साथ मुठभेड़ नौगाम में हुई है। जून महीने में मुठभेड़ की कई घटनाएं सामने आई थीं। 28 जून को कुपवाड़ा में सेना ने एक आतंकी को मार गिराया था। इससे पहले 24 जून को सेना ने सात आतंकी ढेर किए थे। वहीं दूसरी ओर कश्मीर घाटी में हिंसक विरोध प्रदर्शनों के जारी रहने के बीच केन्द्र सरकार ने सोमवार (11 जुलाई) केन्द्रीय अर्द्धसैनिक बलों के आठ सौ कर्मियों को घाटी भेजा है। यह कुमुक उन 1200 कर्मियों के अलावा होगी, जिन्हें शनिवार (9 जुलाई) को राज्य पुलिस की मदद के लिए भेजा गया था। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि विरोध प्रदर्शनों के जारी रहने के बीच सीआरपीएफ की आठ कंपनियां (प्रत्येक में 100 जवान) भेजी जा रही हैं। आतंकवाद निरोधक उपायों के तहत राज्य में तकरीबन 60 बटालियन (प्रत्येक में 1000 कर्मी) पहले से तैनात हैं।
सोमवार (11 जुलाई) को नाराज भीड़ ने सोपोर में एक थाने को आग लगा दी। पुलवामा में वायु सेना का हवाई अड्डा और घाटी में अन्य सुरक्षा संस्थान भीड़ के निशाने पर रहे। हिज्बुल कमांडर बुरहान वानी की मौत के बाद प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़पों का सिलसिला शुक्रवार (8 जुलाई) से जारी है। हिंसक प्रदर्शनों में अब तक 23 लोग मारे गए और 250 से ज्यादा घायल हुए। कर्फ्यू जैसी बंदिशों और पृथकतावादियों द्वारा प्रायोजित हड़ताल के कारण सामान्य जनजीवन प्रभावित है। श्रीनगर शहर के कुछ हिस्सों सहित घाटी के कई स्थानों पर लोगों की आवाजाही पर बंदिशें जारी हैं, जहां प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़पों के कारण पहली मौत हुई।

