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जब हम डॉग्स को देखते हैं, तो सबसे पहले उनके क्यूट एक्सप्रेशंस, हिलती हुई पूंछ और मासूम आंखें ध्यान खींचती हैं। लेकिन सच्चाई ये है कि डॉग्स सिर्फ प्यारे नहीं, बल्कि बेहद स्मार्ट और एडवांस्ड जीव होते हैं। उनके कई ऐसे सुपरपावर हैं, जिनके बारे में ज्यादातर लोग जानते ही नहीं। आइए जानते हैं डॉग्स से जुड़े कुछ ऐसे चौंकाने वाले फैक्ट्स, जो आपको अपने पालतू दोस्त को बिल्कुल नए नजरिए से देखने पर मजबूर कर देंगे। (Photo Source: Pexels)
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डॉग की नाक का प्रिंट भी यूनिक होता है
जिस तरह हर इंसान की उंगलियों के निशान अलग होते हैं, उसी तरह हर कुत्ते की नाक का प्रिंट भी यूनिक होता है। यानी उनकी नाक उनकी पहचान है। (Photo Source: Pexels) -
आपकी भावनाएं ‘सुन’ सकते हैं डॉग्स
डॉग्स सिर्फ शब्द नहीं सुनते, बल्कि आवाज के टोन, उतार-चढ़ाव और बॉडी लैंग्वेज से आपकी भावनाएं समझ लेते हैं। आप दुखी हैं, गुस्से में हैं या खुश, उन्हें सब पता चल जाता है। (Photo Source: Pexels) -
सैकड़ों शब्द समझ सकते हैं
कई रिसर्च बताती हैं कि डॉग्स सैकड़ों शब्द सीख सकते हैं और कुछ असाधारण कुत्ते तो 1,000 से ज्यादा शब्दों का मतलब समझ लेते हैं। यह क्षमता उन्हें छोटे बच्चों के बराबर बनाती है। (Photo Source: Pexels) -
अंधेरे में बेहतर देख सकते हैं
डॉग्स की आंखों में एक खास रिफ्लेक्टिव लेयर होती है, जिससे वे कम रोशनी में भी बेहतर देख पाते हैं। (Photo Source: Pexels) -
बीमारियों को सूंघकर पहचान लेते हैं
डॉग्स की सूंघने की शक्ति इतनी जबरदस्त होती है कि वे कैंसर, लो ब्लड शुगर, मिर्गी (Seizures) जैसी बीमारियों को पहले ही पहचान सकते हैं। कुछ ट्रेन किए गए डॉग्स तो अटैक आने से पहले ही मालिक को अलर्ट कर देते हैं। (Photo Source: Pexels) -
पसीना पैरों से निकलता है
इंसानों की तरह पूरे शरीर से नहीं, बल्कि डॉग्स को पसीना मुख्य रूप से उनके पंजों (Paw Pads) से आता है। (Photo Source: Pexels) -
सिर टेढ़ा करना सिर्फ क्यूटनेस नहीं
जब डॉग सिर टेढ़ा करता है, तो वह क्यूटनेस नहीं बल्कि आवाज की दिशा और आपके शब्दों को बेहतर समझने की कोशिश होती है। (Photo Source: Pexels) -
क्या डॉग्स मुस्कुराते हैं?
कुत्तों की ‘स्माइल’ इंसानों जैसी नहीं होती। यह आमतौर पर रिलैक्स्ड या सबमिसिव एक्सप्रेशन होता है, जो भरोसे और शांति को दिखाता है। (Photo Source: Pexels) -
आपकी एनर्जी को मिरर करते हैं
डॉग्स अक्सर आपके मूड और एनर्जी को कॉपी करने लगते हैं। आप खुश हैं तो वे एक्साइटेड होंगे, आप उदास हैं तो वे चुपचाप पास बैठ जाएंगे। (Photo Source: Pexels) -
जुड़वां इंसानों को भी पहचान लेते हैं
भले ही इंसानों को जुड़वां लोग एक जैसे लगें, लेकिन डॉग्स के लिए नहीं। उनकी गंध अलग होती है, और कुत्ते आसानी से फर्क पहचान लेते हैं। (Photo Source: Pexels) -
स्मेल से बनाते हैं मैप
डॉग्स जगहों को smell-based GPS की तरह याद रखते हैं। उन्हें रास्ता याद रहता है क्योंकि गंध याद रहती है। (Photo Source: Pexels) -
इशारा समझने में माहिर
इंसान का उंगली से इशारा करना डॉग्स नेचुरली समझ लेते हैं, जबकि यह क्षमता कई बार चिंपैंजी जैसे जानवरों में भी नहीं होती। वहीं, डॉग्स के लिए शब्दों से ज्यादा जरूरी होती है बॉडी लैंग्वेज चाहे वह आंखों का संपर्क हो या हाथ का इशारा। (Photo Source: Pexels) -
जम्हाई भी ‘कैच’ कर लेते हैं
अगर आप जम्हाई लेते हैं और आपका डॉग भी लेने लगे, तो समझिए वह आपके सोशल सिग्नल्स से गहराई से जुड़ा हुआ है। (Photo Source: Pexels) -
धरती के मैग्नेटिक फील्ड को महसूस करते हैं
कुछ स्टडीज के मुताबिक, डॉग्स पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र को महसूस कर सकते हैं और अक्सर उसी दिशा में शरीर को अलाइन करते हैं, यहां तक कि पॉटी करते समय भी। (Photo Source: Pexels) -
खून की एक बूंद भी पहचान लेते हैं
डॉग्स पानी में मिली खून की बेहद छोटी मात्रा को भी बहुत दूर से सूंघ सकते हैं। एकदम चलते-फिरते सेंसर की तरह। (Photo Source: Pexels)
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