घाटी में आतंकवादी हमलों में आई तेजी के बावजूद जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव के तीसरे चरण में घाटी की 16 सीटों के लिए मंगलवार को 58 फीसद वोट पड़े। हालांकि पिछले दो चरणों के मुकाबले तीसरे चरण में कम वोट पड़े। फिर भी यह 2008 के विधानसभा चुनाव के मुकाबले नौ फीसद ज्यादा है। गुलमर्ग में एक मतदान केंद्र पर कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने पेट्रोल बम से हमला कर दिया। इस घटना को छोड़ कर उत्तर दक्षिण और मध्य कश्मीर के बडगाम, पुलवामा और बारामुला के सभी विधानसभा क्षेत्रों में मतदान कुल मिलाकर शांतिपूर्ण रहा। दूसरी ओर झारखंड में तीसरे चरण में 17 विधानसभा क्षेत्रों में मतदान करीब 61 फीसद रहा।

कश्मीर घाटी के तीन जिलों के 16 विधानसभा क्षेत्रों में मतदान होने के साथ ही विधानसभा के 87 क्षेत्रों में से 49 के लिए मतदान पूरा हो गया। चौथा और पांचवां चरण 14 और 20 दिसंबर को होगा। बेहद कम तापमान के बावजूद मतदाता मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और उनकी कैबिनेट के तीन सहयोगियों सहित 144 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करने के लिए सुबह से ही 1781 मतदान केंद्रों पर पंक्ति लगाकर खड़े हो गए थे।

दोपहर तक जम्मू-कश्मीर में 27 फीसदी तो झारखंड में 46 प्रतिशत मतदान (फोटो: एपी)

मतदान खत्म होने के बाद मुख्य निर्वाचन अधिकारी उमंग नरूला ने कहा कि बडगाम जिले के चरारे शरीफ में सबसे ज्यादा 82.74 फीसद वोट पड़े। जबकि हुर्रियत कांफ्रेंस के कट्टरपंथी धड़े के अध्यक्ष सैयद अली शाह गिलानी के गृह नगर सोपोर में सबसे कम 30 फीसद मतदान दर्ज किया गया। गिलानी ने लोगों से चुनाव बहिष्कार की अपील की है।

नरूला ने कहा कि बारामुला जिले के उड़ी में 79 फीसद मतदान दर्ज किया गया। यहां पिछले शुक्रवार को सेना के एक शिविर पर हुए भीषण आतंकवादी हमले में 11 सुरक्षाकर्मी शहीद हो गए थे और छह आतंकवादी मारे गए थे।

विधानसभा चुनाव के तीसरे चरण में आज16 निर्वाचन क्षेत्रों में वोट डाले जा रहे हैं। (फ़ोटो-पीटीआई)

बडगाम जिले के बीरवाह विधानसभा क्षेत्र में पिछले चुनाव के मुकाबले 17 फीसद वृद्धि दर्ज की गई। इस बार वहां पर 74.14 फीसद वोट पड़े। यहां मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का बहुकोणीय मुकाबला है। उमर श्रीनगर जिले के सोनावार से भी चुनाव लड़ रहे हैं जहां 14 दिसंबर को मतदान होगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि बडगाम के खानसाहिब विधानसभा क्षेत्र में 73 फीसद, गुलमर्ग 72 फीसद, बडगाम 70 फीसद, चाडूरा 65 फीसद, रफियाबाद 63 फीसद, पट्टन में 60 फीसद, संगरामा 56.15 फीसद, राजपुरा 47.06 फीसद, पंपोर में 46.48 फीसद, बारामुला 45 फीसद, पुलवामा 38.31 फीसद और त्राल में 37.68 फीसद मतदान दर्ज किया गया।

पंपोर में इस बार मतदान में पिछले चुनाव के मुकाबले तीन फीसद की वृद्धि दर्ज की गई। पंपोर को छोड़ कर दक्षिण कश्मीर के तीन अन्य विधानसभा क्षेत्रों त्राल, राजपुरा और पुलवामा में इस बार मतदान में थोड़ी गिरावट दर्ज की गई। हाल में त्राल में भी आतंकवादी हिंसा हुई थी।
नरूला ने कहा कि जम्मू और दिल्ली में 8441 पंजीकृत विस्थापितों में से 55 फीसद ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि मतदान कुल मिला कर शांतिपूर्ण रहा।

दूसरी ओर झारखंड में तीसरे चरण के 17 विधानसभा क्षेत्रों में 60.89 फीसद वोट पड़े। आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि मतदान के दौरान कहीं से हिंसा की कोई खबर नहीं मिली। सिल्ली विधानसभा सीट पर सबसे ज्यादा 74.77 फीसद वोट पड़े, जबकि रांची में सबसे कम 44.44 फीसद मतदान हुआ।
चुनाव आयोग के सूत्रों ने कहा कि कोडरमा विधानसभा क्षेत्र में 64.80 फीसद, बरकाठा में 65.10 फीसद, बरही में 65.27 फीसद, बारकागांव में 60.25 फीसद, मांडू में 60.07 फीसद, हजारीबाग में 58.50 फीसद, सिमरिया में 60.79 फीसद, धनवार में 63.51 फीसद, गोमिया में 66.12 फीसद, बरमो में 60.23 फीसद, इचागढ़ में 71 फीसद, रामगढ़ में 63 फीसद मतदान हुआ। रांची, हटिया और कांके में क्रमश: 55.45 और 56.27 फीसद मतदान हुआ।
झारखंड के राज्यपाल सैयद अहमद ने रांची और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने हटिया में मतदान किया।