दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटक्वाइन की कीमत में चार महीने की सबसे बड़ीर तेजी देखने को मिली है। यह तेजी तब देखने को मिली है जब लैटिन अमरीकी देश अल सल्वाडोर की ओर से इसे लीगल टेंडर घोषित कर दिया है। वहीं पराग्वे भी इसे लीगल करने पर आगे बढ़ हरा है। बुधवार को इसकी की कीमत 37 हजार डॉलर को पार कर गई। आपको बता दें कि 4 जनवरी को अपने निचले स्तर से दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटक्वाइन 31 फीसदी तक का रिटर्न दे चुकी है। वैसे इस साल बिटक्वाइन के दाम 64800 डॉलर तक पहुंच गए थे। आइए आपको भी बताते हैं किे मौजूदा समय में बिटक्वाइन के साथ दुनिया की बाकी वर्चुअल करेंसी कितना रिटर्न दे रही हैं।
मौजूदा समय में दुनिया की सबसे बड़ी वर्चुअल करेंसी बिटक्वाइन 9.24 फीसदी की तेजी के साथ 36,704.44 डॉलर पर कारोबार कर रहा है। जबकि कारोबारी सत्र के दौरान 14 फीसदी की तेजी के साथ 37,665.45 डॉलर पर भी पहुंचा था। जोकि 4 महीनों की सबसे बड़ी तेजी है। आपको बता दें कि 4 जनवरी को बिटक्वाइन 27,734 डॉलर के साथ निचले स्तर पर था। बुधवार को कारोबारी सत्र के दौरान दाम 37 हजार पर कर जाने के बाद बिटक्वाइन का रिटर्न 31 फीसदी तक पहुंच गया है। वैसे इस यह करेंसी 64,800 डॉलर के लेवल को पार कर गई थी।
दूसरी वर्चुअल करेंसी का क्या है : वहीं दूसरी वर्चुअल करेंसी की बात करें तो इथेरियम 2.40 फीसदी की तेजी के साथ 2538.02 डॉलर पर कारोबार कर रही है। जबकि एक्सआरपी करीब 4 फीसदी का रिटर्न देते हुए 0.88 डॉलर पर कारोबार कर रही है। काराडानो में करीब 3 फीसदी का इजाफा देखने को मिल रहा है। जिसकी वजह से उसके दाम 1.58 डॉलर हो गया है। वहीं डोजेक्वाइन 4.68 फीसदी कर तेजी के साथ 0.33 फीसदी पर कारोबार कर रहा है। जानकारों की मानें तो बिटक्वाइन की तेजी का असर बाकी वर्चुअल करेंसी में भी देखने को मिल रहा है।
इस वजह से देखने को मिल रही है तेजी : बुधवार को अल सल्वाडोर बिटकॉइन को औपचारिक रूप से लीगल टेंडर के रूप में अपनाने वाला दुनिया का पहला देश बन गया, जब कांग्रेस ने राष्ट्रपति नायब बुकेले ने क्रिप्टोकरेंसी को अपनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। 84 संभावित वोटों में से 62 के साथ, अधिकांश सांसदों ने एक कानून बनाने की पहल के पक्ष में मतदान किया जो औपचारिक रूप से बिटकॉइन को अपनाएगा। वहीं दूसरी ओर पराग्वे भी इस दिशा में अपने कदम आगे की ओर बढ़ा चुका है।
