भारत के स्टार मुक्केबाज विजेंदर सिंह की नज़र 17 दिसंबर को पूर्व विश्व चैम्पियन फ्रांसिस चेका के खिलाफ होने वाली बाउट में नाकआउट जीत दर्ज कर अपना डब्ल्यूबीओ एशिया पैसिफिक सुपर मिडिलवेट खिताब बरकरार रखने पर होगी। भारत के 31 वर्षीय मुक्केबाज विजेंदर ने इस साल जुलाई में ऑस्ट्रेलिया के केरी होप के खिलाफ जीत दर्ज कर पहला एशिया पैसिफिक खिताब हासिल किया था। विजेंदर और उनके ट्रेनर ली बीयर्ड इस बाउट के लिये अपनी रणनीति बनाने में व्यस्त हैं। ली विजेंदर को दिन के आठ-दस घंटे कड़ी ट्रेनिंग करा रहे हैं।
उधर पूर्व विश्वविजेता फ्रांसिस चेका, 17 दिसम्बर को होने वाले मुकाबले को जीतने के लिए, 40 दौर के कठिन ट्रेनिंक सेशन से गुजर रहे हैं। चेका ने विजेंदर को चेतावनी देते हुए कहा है कि इस मुकाबले के बाद भारतीय खिलाड़ी फिर कभी पेशेवर मुक्केबाजी के बारे में नहीं सोचेंगे। डब्लूबीओ एशिया पैसिफ़िक मिडिलवेट चैंपियनशिप खिताब को विजेंदर से छीनने के लिए चेका कोई कसर नहीं नहीं छोड़ना चाहते। 34 साल के चेका तंज़ानिया के न.1 पेशेवर मुक्केबाज़ हैं और मौजूदा इंटरकॉन्टिनेंटल सुपर मिडिलवेट चैंपियन भी हैं।
चेका तंज़ानिया के मोरोगोरो में रहते हैं और उन्होंने मैथ्यू मैकलिन और पॉल स्मिथ जैसे विश्वविजेताओं को धुल चटाकर अफ्रीकी खिताब भी जीता है। वह एक सराहनीय मुक्केबाज़ हैं, जिन्होंने 43 नॉकआउट मुकाबलों में से 17 में जीत हासिल की है। तन्ज़नियन मुक्केबाज़ के प्रशिक्षक जे मसांगी ने कहा, ‘आज कल मैं चेका को कष्टदायी प्रशिक्षण दे रहा हूं, उन्होंने विजेंदर से कहीं अधिक ताक़तवर खिलाड़ियों का सामना किया है, लेकिन उनकी तैयारी में कोई कमी नहीं रहनी चाहिए, आखिर यह एक खिताब जीतने का मामला है।’
इधर भारतीय मुक्केबाज विजेंदर सिंह ने कहा, ‘मुझे जीतना होगा और वो भी शानदार जीत दर्ज करनी होगी, इसका मतलब है नॉकआउट जीत दर्ज करनी होगी। मैं सामने से मिलने वाली चुनौती से पूरी तरह वाकिफ हूं। चेका बहुत अनुभवी हैं लेकिन मैं भी दोगुनी मेहनत कर रहा हूं।’ उन्होंने कहा, ‘ली और मेरे पास बेहतरीन रणनीति है, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि मैं चेका के प्रत्येक पंच का कड़ा जवाब दे सकूं। मैं दो महीने से ट्रनिंग कर रहा हूंं और मुझे पूरा भरोसा है कि मेरी रणनीति चेका के खिलाफ कारगर साबित होगी।’

