FC Goa vs Chennaiyin FC: इंडियन सुपर लीग (ISL) 2019 में बुधवार यानी 23 अक्टूबर को एफसी गोवा ने चेन्नईयन एफसी को 3-0 के बड़े अंतर से हरा दिया। इसके साथ ही वह अंकतालिका में शीर्ष पर पहुंच गया। टूर्नामेंट के छठे सीजन के इस चौथे मुकाबले में गोवा ने पहले हॉफ में एक गोल किया। दूसरे हॉफ में उसने दो गोल किए।
गोवा ने पहला गोल 30वें मिनट में किया। इसे सीमिनलेन डोंगुल ने किया। 62वें मिनट में फर्नान कोरोमिनास ने गोवा के लिए दूसरा गोला किया। 81वें मिनट में कार्लोस पेना ने गोलकर अपनी टीम की बढ़त 3-0 कर दी।
गोवा के जवाहर लाल नेहरु स्टेडियम में खेले गए मैच में पहले हॉफ में चेन्नईयन एफसी के खिलाड़ियों ने एफसी गोवा को कड़ी चुनौती दी। हालांकि, दूसरे हॉफ में मेजबान का ही बोलबाला रहा। उसने खेल के हर विभाग में चेन्नईयन एफसी को मात दी। मैच के दौरान उसके लिए सिर्फ एक खराब बात हुई। वह था 15वें मिनट में लेनी रोड्रिग्ज को यलो कार्ड दिखाया गया। हालांकि, 80वें मिनट में चेन्नईयन एफसी के लुसियन गोइयन को भी यलो कार्ड दिखाया गया।
टूर्नामेंट के इस सीजन में गोवा और चेन्नई दोनों का यह पहला मैच था। इससे पहले हुए 3 मुकाबलों में जमशेदपुर एफसीऔर केरला ब्लास्टर्स एफसी की टीमें जीत हासिल करने में सफल रही हैं। बेंगलुरु एफसी और नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी का मुकाबला ड्रॉ पर छूटा था। उस मैच में दोनों टीमें गोल करने में असफल रही थीं।
टूर्नामेंट के अब तक 5 सीजन हो चुके हैं। चेन्नईयन एफसी दूसरे और चौथे सीजन का चैंपियन रहा था। पिछले सीजन में बेंगलुरु एफसी खिताब जीतने में सफल रहा था। पहले और तीसरे सीजन में भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली के मालिकाना हक वाली एटलेटिको डि कोलकाता ने बाजी मारी थी।


इसी के साथ फुल टाइम की सीटी बज गई और एफसी गोवा 3-0 से मैच जीतने में सफल रहा। इस जीत से वह अंक तालिका में पहले नंबर पर पहुंच गया। उसके, जमशेदपुर एफसी और केरला ब्लास्टर्स एफसी तीनों के 3-3 अंक हैं, लेकिन गोल अंतर के आधार पर वह नंबर एक पर है।
गोवा के खिलाड़ी गेंद को इधर-उधर पास कर समय काट रहे हैं। चेन्नईयन एफसी के फुटबॉलरों की बॉडी लैंग्वेज ढीली दिख रही है। ऐसा लग रहा है चेन्नईयन ने हार स्वीकार कर ली है।
2 मिनट बाद यानी 89वें मिनट में गोवा ने फिर एक बदलाव किया। इस बार उसने लेन डोंगुल की जगह लिस्टन को अंदर बुलाया। ऐसा उसने अपने खिलाड़ियों को आराम देने के लिए किया होगा।
87वें मिनट में गोवा ने पहला बदलाव किया। उसने जकीचंद सिंह की जगह प्रिंसटन रेबेलो को अंदर बुलाया।
चेन्नईयन एफसी ने 79वें मिनट में एक और बदलाव किया। उसने साईघनी की जगह वाल्सकिस को अंदर बुलाया। हालांकि, उसकी यह रणनीति फेल हो गई। 81वें मिनट में कार्लोस गोंजालेज पेना ने गोल कर दिया।
63वें मिनट में चेन्नईयन एफसी ने एक और बदलाव किया। उसने फिर्तुलेस्को की जगह क्राईवेल्लारो को अंदर बुलाया।
यह एक संयोग ही है कि इंडियन सुपर लीग में कोरोमिनास ने अपने पिछले तीन गोल जकीचंद के एसिस्ट से ही किए हैं।
गोवा के लिए यह गोल फॉरवर्ड फर्नान कोरोमिनास ने 62वें मिनट में किया। मिडफील्डर जकीचंद सिंह ने एसिस्ट किया।
आखिरकार काफी कोशिशों के बाद गोवा फिर से गोल करने में सफल रहा। अब वह मैच में 2-0 से आगे हो गया है। वहीं, चेन्नईयन एफसी के लिए परेशानियां बढ़ गईं हैं। उस पर हार का खतरा मंडरा रहा है।
58वें मिनट में गोवा के लेनी रोड्रिग्ज ने फिर गोल करने की कोशिश की। उन्होंने दूर से शॉट लिया, लेकिन गेंद क्रासबार के ऊपर से निकल गई।
54वें मिनट में गोवा ने गोल करने का मौका गंवा दिया। इससे पहले 52वें मिनट में चेन्नईयन एफसी के अनिरुद्ध थापा ने गोल करने का मौका गंवाया था। दोनों हॉफ में अब तक दोनों टीमें कोई गोल नहीं कर पाईं हैं।
अब तक के आंकड़ों पर नजर डालें तो चेन्नईयन एफसी जब भी पहले हॉफ में पिछड़ गया है तो वह कभी भी एफसी गोवा को हरा नहीं पाया है। अब देखना मजेदार होगा कि क्या चेन्नईयन यह बदनुमा दाग धो पाएगा।
पहले हॉफ में गोवा के खिलाड़ियों ने 59% समय तक गेंद को अपने कब्जे में रखा। गोवा की ओर से दो बार टारगेट पर शॉट लगाया गया, जबकि चेन्नईयन के खिलाड़ी ेक बार ही ऐसा कर पाए।
पहले हॉफ में गोवा के लिए सिर्फ एक अच्छी बात नहीं रही। वह था मिडफील्डर को लेनी रोड्रिग्ज को यलो कार्ड दिखाया जाना। रोड्रिग्ज को खेल के 15वें मिनट में यलो कार्ड दिखाया गया।
रेफरी ने हॉफ टाइम की सीटी बजा दी। अब तक के हुए खेल को देखकर कहा जा सकता है फुटबॉल क्लब गोवा पूर्व चैंपियन चेन्नईयन एफसी पर भारी पड़ता दिख रहा है। देखना होगा कि दूसरे हॉफ में चेन्नईयन एफसी किस रणनीति के साथ उतरता है।
इस मैच में दोनों टीमें 4-2-3-1 के कॉम्बीनेशन में उतरी हैं। यानी चार डिफेंडर, दो मिडफील्डर, तीन अटैकिंग मिडफील्डर और एक स्ट्राइकर की रणनीति से खेल होता है। फुटबॉल की दुनिया में यह बहुत ही बैलेंस्ड कॉम्बीनेशन माना जाता है। इंग्लिश प्रीमियर लीग (ईपीएल) में अधिकतर टीमें इसी कॉम्बीनेशन के साथ उतरती हैं।
लिन सेमिनलेन डोंगुल ने मनवीर के पास पर गोल किया। मनवीर काफी दूर से गेंद को अपने कब्जे में लेते हुए चेन्नईयन के गोल पोस्ट तक पहुंच गए। उन्होंने खुद को गोल करने में असफल होते देख गेंद को लिन सेमिनलेन डोंगुल को पास किया। डोंगुल ने बाएं पैर से गेंद को दिशा दिखा दी और गेंद गोलपोस्ट में पहुंच गई।
30वें मिनट में गोवा के गोवा लिन सेमिनलेन डोंगुल ने शानदार गोल किया। उन्होंने अपनी टीम को 1-0 से आगे कर दिया।
21वें मिनट में चेन्नईयन फुटबॉल क्लब ने गोल करने का मौका गंवा दिया। चेन्नईयन के एली साबिया ने गोल करने का रास्ता बनाया, लेकिन गोवा के गोलकीपर मोहम्मद नवाज दीवार बनकर खड़े हो गए और चेन्नई की गोल करने की उम्मीदों पर पानी फिर गया।
दोनों ही टीमें तेज खेल दिखा रही हैं। 19वें मिनट में चेन्नईयन एफसी के विशाल कैथ ने शानदार बचाव किया। फर्रान कोरोमिनास ने सेमिनलेन डोंगुल के दाहिने ओर से शॉट लिया, लेकिन विशाल की सतर्कता के चलते वे गोल करने में नाकाम रहे।
12वें मिनट में चेन्नईयन फुटबॉल क्लब के ड्रागोस फर्टुलेस्कु ने गोल करने का मौका गंवा दिया। वे बॉक्स के अंदर थे, जैसे ही उन्होंने शॉट लेने की सोची, एफसी गोवा के सेरिटन फर्नांडेस ने टैकल किया। इस पर ड्रागोस ने पेनल्टी की मांग की, लेकिन रेफरी उनकी मांग ठुकरा दी।
मैच शुरू हो चुका है। दोनों ही टीमों ने जोरदार शुरुआत की। पांचवें मिनट में ही जकीचंद सिंह ने अपने दाहिने ओर से गोल करने की कोशिश की, लेकिन जेरी लालरिनजुआला ने शानदार बचाव किया।
एफसी गोवा और चेन्नईयन एफसी के बीच अब तक हुए मुकाबलों की बात करें तो दोनों का पलड़ा बराबर है। अब तक दोनों के बीच 13 मैच हुए हैं। इसमें से दोनों ही 6-6 मैच जीतने में सफल रही हैं।
गोवा में आईएसएल का बुखार चरम पर है।