न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज स्कॉट कुग्गेलैन आईपीएल से जुड़ने के लिए भारत पहुंच चुके हैं। स्कॉट को चेन्नई सुपर किंग्स ने चोटिल लुंगी एंगिडी की जगह टीम में शामिल किया है। कीवी गेंदबाज बुधवार 3 अप्रैल को भारत पहुंचे। स्कॉट घरेलू मैदान पर होने वाले लगातार दो मैचों के लिए चेन्नई की टीम से जुड़ने के लिए उपलब्ध होंगे। चेन्नई की टीम चेपौक स्टेडियम में 6 अप्रैल को किंग्स इलेवन पंजाब और 9 अप्रैल को कोलकाता नाइटराइडर्स का सामना करेगी।

स्कॉट कुग्गेलैन एक तेज गेंदबाज होने के साथ-साथ निचले क्रम में बड़ी हिट भी लगाने में भी माहिर हैं। हाल ही में उन्होंने न्यूजीलैंड की घरेलू टी-20 क्रिकेट प्रतियोगिता सुपर स्मैश के 9 मैचों में कुल 13 विकट झटके थे। बता दें कि कुग्गेलैन जनवरी 2019 में श्रीलंका के खिलाफ डेब्यू किया था। वह भारत के खिलाफ 3 मैचों की टी-20 सीरीज का हिस्सा थे। कुग्गेलैन न्यूजीलैंड की ओर से 4 टी-20 इंटरनेशनल और 2 वनडे मैच खेल चुके हैं। कुग्गेलैन ने मई 2017 में आयरलैंड के खिलाफ वनडे डेब्यू किया था।

वैसे तो 29 साल के स्कॉट कुग्गेलैन का क्रिकेट करियर किसी भी प्रतिभाशाली क्रिकेटर्स की तरह ही रहा है। लेकिन उनकी निजी जिंदगी काफी विवादित रही है। आपको ये जानकर हैरानी होगी कि स्कॉट साल 2016 और 2017 में रेप के आरोप में दो ट्रॉयल का सामना कर चुके हैं। स्कॉट पर साल 2015 में अपने फ्लैट में एक महिला के साथ रेप करने का आरोप लगा था। इस मामले में पहली जूरी किसी भी निर्णय पर नहीं पहुंच पाई थी जबकि दूसरी जूरी ने स्कॉट कुग्गेलैन को निर्दोष करार दिया था। उस वक्त इस मामले ने पूरे देश में सनसनी मचा दी थी क्योंकि स्कॉट कुग्गेलैन पूर्व कीवी क्रिकेटर क्रिस कुग्गेलैन के बेट हैं। यही वजह है कि कई लोग मानते हैं कि इस मामले में स्कॉट को पूर्व क्रिकेटर के बेटे होने का फायदा मिला।

गौरतलब है कि कुग्गेलैन ने जब भारत के खिलाइ इसी साल जनवरी में न्यूजीलैंड की ओर टी-20 डेब्यू किया था तब दर्शक दीर्घा में बैठे कई लोगों ने कीवी गेंदबाज के विरोध में #Metoo कैंपेन के पोस्टर दिखाए थे। अब किवी गेंदबाज के चेन्नई की टीम से जुड़ गए हैं। ऐसे में एक बार फिर स्कॉट को टीम में शामिल किए जाने का विरोध शुरु हो गया है। ट्विटर पर न्यूजीलैंड से लेकर भारत तक स्कॉट का विरोध हो रहा है।