Denmark vs France, FIFA World Cup 2018: डेनमार्क ने फीफा विश्व कप के 21वें संस्करण में लुज्निकी स्टेडियम में खेले गए ग्रुप-सी के मैच में मंगलवार को फ्रांस के साथ गोलरहित ड्रॉ खेलकर फीफा विश्व कप के अंतिम-16 में प्रवेश कर लिया है। इस विश्व कप का यह पहला गोलरहित ड्रॉ मैच है। इस ड्रॉ के बाद अब डेनमार्क के पांच अंक हो गए हैं और अपने ग्रुप से अंतिम-16 में पहुंचने वाली दूसरी टीम बन गई है। वहीं फ्रांस पहले ही अंतिम-16 में पहुंच चुकी है लेकिन इस मैच में गोलरहित ड्रॉ रहने के बाद उसके सात अंक हो गए हैं। फ्रांस अपने ग्रुप में तीन मैचों में दो जीत और एक ड्रॉ साथ शीर्ष पर रहा।
ग्रुप-सी से पेरु और आस्ट्रेलिया बाहर हो चुकी है। पेरु के तीन मैचों में तीन अंक रहे जबकि आस्ट्रेलिया के नाम तीन मैचों में एक ड्रॉ और दो हार के बाद एक अंक रहा। फ्रांस ने मुकाबले में आक्रमक शुरुआत की और उसे 16वें मिनट में पहला कार्नर मिला लेकिन थॉमस लेमार इसे गोल में नहीं डाल पाए। हालांकि टीम ने अपना आक्रमण जारी रखा। 23वें मिनट में डेनमार्क को एक कार्नर हासिल हुआ और इस बार क्रिस्टियन एरिकसन चूक गए।
इस मैच में छह बदलाव के साथ उतर रही फ्रांस ने 27वें मिनट में एक और कार्नर अर्जित किया जो बेकार चला गया। 30वें मिनट में डेनमार्क के पास गोल करने का आसान मौका था लेकिन एरिकसन फ्रांस के गोलकीपर स्टीव मंदंदा से टकराकर गिर गए और गेंद उनसे दूर चली गई। फ्रांस के ओउस्मान डेम्बेले 34वें मिनट में भी मिली फ्री किक का फायदा नहीं उठा सके।
39वें मिनट में एंटोनी ग्रीजमैन ने दूर से एक शॉट लगाया जो सीधे नेट में जा रहा था लेकिन कैस्पर श्माइकल ने उसे रोक दिया। ग्रीजमैन 44वें मिनट में भी एक बेहतरीन पास पर गेंद को नेट के ऊपर से मार बैठे। हाफ टाइम तक दोनों टीमों में से कोई भी टीम खाता नहीं खोल पाई।

Highlights
फ्रांस और डेनमार्क के बीच दूसरे हाफ के शुरुआती बीस मिनट में भी कोई गोल नहीं हुआ है। दोनों टीमों की कोशिश अपना खाता खोलने की है।
मथियास जोर्गेनसन ने ओलिवियर गेरार्ड को पीछे से धक्का देकर गोल करने से रोकने की कोशिश की। धक्का देने की वजह से उन्हें येलो कार्ड दिखाया गया।
पहले हाफ का खेल खत्म होने तक दोनों ही टीमें गोल करने में नाकाम रही। फ्रांस के ओलिवियर गेरार्ड ने एक प्रयास जरूर किया लेकिन वो व्यर्थ गया।
पहले हाफ का करीब आधा खेल बीत चुका है। दोनों ही टीमें गोल करने की कोशिश कर रही, लेकिन अभी तक उन्हें सफलता हासिल नहीं हुई।
फ्रांस ने इस मैच के लिए अपनी टीम में 6 बदलाव कर सभी को चौंका दिया है। हीं डेनमार्क की टीम ने भी चार नए खिलाड़ियों को इस मैच में मौका दिया है।
शुरुआती दस मिनट में फ्रांस की टीम बेहतर दिखाई पड़ रही है। फ्रांस के लिए डेनमार्क के खिलाड़ी मुश्किले पैदा कर रही है।
दोनों टीमें मैदान पर आ चुकी हैं। राष्ट्रगान गाया जा चुका है, बस कुछ ही देर बाद खेल शुरू हो जाएगा। दोनों ही टीमों के लिए यह मुकाबला काफी अहम माना जा रहा है।
गोलकीपर- कैस्पर श्माइकल, जोनास लोस्सल, फेडेरिक रोनबो
डिफेंडर- सिमोन काएर, आंद्रेस क्रिस्टेनसन, माथियास जोर्गेनसन, जानिक वेस्टरगार्ड, हेनरिक डाल्सगार्ड, जेंस स्ट्रेगर लार्सेन, जोनास नु़डसेन
मिडफील्डर : विलियम क्विस्ट, थोमस डेलाने, लुकास लेरागर, लासे शोने, क्रिस्टियन एरिकसन, मिशेल क्रोन-डेली
स्ट्राइकर : पियोने सिस्टो, मार्टिन ब्राथवैट, आंद्रेस कोर्निलियुस, विक्टर फिश्चेर, युसुफ पोल्सन, निकोलाई जोर्गेनसन, कास्पर डोलबर्ग।
गोलकीपर : 'गो लोरिस, स्टीव मन्दंदा, अल्फोन्स एरोओला।
डिफेंडर : लुकास हर्नान्डेज, प्रेसनेल किम्पेम्बे, बेंजामिन मेन्डी, बेंजामिन पावर्ड, आदिल रामी, जिब्रिल सिदीबे, सैमुअल उम्तीती, राफेल वरान।
मिडफील्डर : एनगोलो कान्ते, ब्लेस मातुइदी, स्टीवन एंजोंजी, पॉल पोग्बा, कोरेंटिन टोलिसो।
फारवर्ड : ओउस्मान डेम्बेले, नाबिल फकीर, ओलिवियर जीरू, एंटोनी ग्रीजमैन, थॉमस लेमार, कीलियन एम्बाप्पे, फ्लोरियन थौविन।
डेनमार्क को फ्रांस के खिलाफ अपने अटैक के साथ-साथ डिफेंस को भी मजबूत रखना होगा, ताकि फ्रांस की टीम अवसर हासिल न कर पाए। टीम ने अब तक केवल तीन बार अंतिम-16 दौर में प्रवेश किया है। उसका सबसे अच्छा प्रदर्शन 1998 में रहा, जब उसने क्वार्टर फाइनल तक का सफर तय किया था।
फ्रांस के डिफेंडर राफेल वरान रूस में जारी फीफा विश्व कप में डेनमार्क के खिलाफ होने वाले ग्रुप स्तर के अपने अंतिम मुकाबले में टीम की कप्तानी करेंगे। वरान ने सोमवार को कहा कि यह अपने देश की राष्ट्रीय टीम की कप्तानी करना उनके लिए सम्मान की बात है।