चावल हमारे खाने का एक अहम हिस्सा है। भारत में काफी संख्या में लोग चावल का सेवन करते हैं। लेकिन एक खबर ने हमें चावल खाने के फैसले पर सोचने के लिए मजबूर कर दिया। हालही में इंटरनेट पर एक खबर वायरल हुई थी कि बाजार में प्लास्टिक के चावल बेचे जा रहे हैं। इन चावलों का सेवन करने से हेल्थ खराब हो जा रही है। इसके अलावा यह घातक बीमारियों की वजह भी बन रहे हैं। ऐसे में हमें चावल का सेवन करने से पहले सोचना होगा कि कहीं हम भी तो प्लास्टिक के चावल का सेवन तो नहीं कर रहे हैं। इसके लिए हम आपको पांच आसान तरीके बता रहे हैं, जिनके जरिए से आप यह पहचान कर सकते हैं कि चावल नकली हैं या असली।
-मुट्ठीभर चावल लें और उसे माचिस या लाइटर से जलाने की कोशिश करें। अगर चावल के प्लास्टिक के हैं तो वे जलने के तुरंत बाद प्लास्टिंक की गंध छोड़ेंगे।
-थोड़ी मात्रा में चावल उबालें और उन्हें 2-3 दिनों के लिए एक बोतल में रख दें। अगर उन चावल पर फफुंदी नहीं लगती है तो वे चावल प्लास्टिक के हो सकते हैं। लेकिन इतना तय है कि इन चावलों का सेवन ना करें, यह आपके लिए हानिकारक हो सकते है।
-कुछ चावल लें और उस पर गर्म तेल डालें। यदि चावल प्लास्टिक से बना है तो यह कुछ समय में पिघल जाएगा।
-पानी से भी नकली और असली चावल की जांच की जा सकती है। पानी की एक बोतल में एक बड़ा चम्मच चावल डालें और थोड़ी देर उसे हिलाएं। अगर चावल पानी के ऊपर तैरने लगते हैं तो वह प्लास्टिक हैं क्योंकि असली चावल पानी पर नहीं तैरते।
-चावल को उबालते समय नकली चावल की पहचान की जा सकती है। यदि चावल प्लास्टिक से बना है तो उबलते समय यह बर्तन पर एक मोटी परत बनायेगा।

