केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) ने संजय लीला भंसाली की विवादास्पद फिल्म ‘पद्मावती’ में किसी कट की सिफारिश नहीं की है और फिल्म को पांच संशोधनों के साथ यू/ए प्रमाणपत्र देने का फैसला किया है और फिल्म-निर्माता से कहा है कि फिल्म का नाम बदलकर ‘पद्मावत’ कर दिया जाए। सेंसर बोर्ड के प्रमुख प्रसून जोशी ने शनिवार को यह सफाई दी। पिछले कुछ महीनों से विवादों के कारण फिल्म की रिलीज को लेकर अनिश्चितता छाई थी, लेकिन शनिवार को सीबीएफसी ने जांच समिति की बैठक के बाद कहा कि उसने फिल्म को कुछ संशोधनों के साथ यू/ए प्रमाणपत्र देने का फैसला किया है।  जोशी ने आईएएनएस को ईमेल के माध्यम से बताया, “सीबीएफसी ने फिल्म में किसी भी कट की सिफारिश नहीं की है, केवल पांच संशोधन करने को कहा है।” उन्होंने कहा कि उन्होंने निर्माताओं से डिस्क्लेमर को बदलने को कहा है, ‘स्पष्ट रूप से यह बताने को कहा है कि यह फिल्म ऐतिहासिक रूप से सही होने का दावा नहीं करती।’no cut only five modification for clarifies padmavati said cbsc chief prasoon joshi

सीबीएफसी ने इसके अलावा निर्माताओं से ‘घूमर’ गाने में चरित्र के मुताबिक बदलाव करने की सिफारिश की है।  जोशी ने कहा, उन्होंने “ऐतिहासिक स्थानों के गलत और भ्रामक संदर्भ में संशोधन की मांग की है।” इसके अलावा उन्होंने निर्माताओं से एक डिस्क्लेमर जोड़ने की मांग की है, “जिसमें यह स्पष्ट करने को कहा गया है कि फिल्म किसी भी तरह सती प्रथा का महिमामंडन नहीं करती।” जोशी ने कहा कि बदलाव के ये सुझाव फिल्म निर्माताओं और निर्देशक की पूर्ण सहमति से दिए गए हैं। ‘पद्मावती’ का निर्माण वायाकॉम 18 मोशन पिक्चर्स ने किया है और इसका निर्देशन संजय लीला भंसाली ने किया है। इसमें दीपिका पादुकोण, रणवीर सिंह और शाहिद कपूर ने प्रमुख भूमिकाएं निभाई है।