प्रतिभूति बाजार नियामक सेबी ने निवेशकों की शिकायतें दूर करने में कथित तौर पर विफल रहने के लिए चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में 34 कंपनियों पर करीब 50 लाख रुपये जुर्माना लगाया है।
बाजार नियामक ने 2015-16 की अप्रैल-सितंबर अवधि में 49.50 लाख रुपये की मौद्रिक जुर्माना, निर्णय प्रक्रिया के जरिए लगाया है जिसमें 25,000 रुपये से लेकर 15 लाख रुपये तक शामिल है।
सेबी की आनलाइन शिकायत निपटान प्रणाली स्कोर्स से पंजीकरण हासिल करने व निवेशकों की शिकायतें दूर करने में कथित तौर पर विफल रहने के लिए कंपनियों को बाजार नियामक की सख्ती का सामना करना पड़ रहा है। सेबी ने पिछले साल इसी अवधि में 40 कंपनियों पर करीब 66 लाख रुपये जुर्माना लगाया था।
आलोच्य अवधि में सबसे अधिक 15-15 लाख रुपये का जुर्माना थापर एक्सपोटर्स और थापर इस्पात पर लगाया गया। इस जुर्माने के अलावा 20 से अधिक कंपनियों और उनके निदेशकों पर शेयर बाजार में कारोबार करने पर प्रतिबंध लगाया गया है।