तुर्की ने जून 2022 में वैश्विक स्तर पर घोषणा की थी कि उसे तुर्की नहीं तुर्किए कहा जाए।
साल 1993 में सत्ता परिवर्तन हुआ था। इसके चलते स्थिरता आने के बाद कैंम्पुचिया का नाम कंबोडिया रख दिया गया।
2016 तक चेक रिपब्लिक के नाम से प्रसिद्ध मुल्क नाम बदलकर चेकिया कर दिया गया।
1997 में जब तानाशाही शासन हटा तो पुराना नाम अपनाते हुए जैरे का नाम डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो रखा गया।
नाम बदलने वाले देशों की लिस्ट में पहला नाम सिलोन का है, जिसे 1972 में नाम बदलकर श्रीलंका कर दिया गया था।
डच सरकार ने अपनी इमेज सुधारने के लिए हॉलैंड का नाम बदलकर नीदरलैंड किया था।
अप्रैल 2018 में, राजा मस्वाती तृतीय ने स्वाज़ीलैंड साम्राज्य का नाम बदलकर एस्वातीनी साम्राज्य कर दिया गया है।
ईरान को पहले फारस कहा जाता था। 1935 में इसका नाम आधिकारिक तौर पर ईरान रखा गया था।
1989 में लोकतंत्र समर्थक विद्रोह को दबाकर सैन्य नेताओं ने बर्मा का नाम म्यांमार रख दिया।