भारत में क्या आने वाली है तीसरी लहर? कोरोना के तेजी से फैलने वाले Omicron वेरियंट पर केंद्र ने दिए यह जवाब

ओमिक्रोन से बचाव के लिए मास्क का प्रोपर इस्तेमाल करना चाहिए। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन करना चाहिए। वहीं कोरोना के लक्ष्ण दिखाई देने पर डॉक्टर से तुरंत सलाह लेनी चाहिए।

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कोरोना के ओमिक्रोन वेरिएंट ने भारत में की एंट्री।

कोरोना का नया वैरिएंट ओमिक्रोन चिंता का विषय बना हुआ है। हालांकि सरकार अलर्ट पर दिख रही है। भारत के कर्नाटक में इस वैरिएंट के दो मामले सामने आ चुके हैं। वहीं दिल्ली के एलएनजीपी अस्पताल में ओमिक्रोन के 4 अन्य संदिग्ध मरीजों को भर्ती कराया गया है। यहां कल भी 8 मरीजों को ऐडमिट किया गया था। उनका सैंपल जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए भेजा गया है। इन चार में से दो लोग यूके से, एक फ्रांस से और एक नीदरलैंड्स से आए थे। वहीं केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने ओमिक्रोम वेरिएंट से जुड़ कुछ सवालों के बारे में जानकारी दी है। जैसे ओमिक्रोन पर वैक्सीन कितनी कारगर है, ओमिक्रोम के लक्ष्ण क्या है और इससे कैसे बचाव किया जा सकता है। आइए जानते हैं इन्हीं सवालों के जवाबों के बारे में….

क्या ओमिक्रोन से आएंगी तीसरी लहर? केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से बताया गया कि, दक्षिण अफ्रीका सहित यूरोपिय देशों में ओमिक्रोन तेजी से फैला है। जिसके चलते कोरोना के इस वेरिएंट की भारत में भी फैलने की संभावना है। हालांकि अभी इस बात को कहना मुश्किल है कि, ओमिक्रोन से देश में तीसरी लहर आ सकती है। साथ ही स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि, देश में मौजूदा वैक्सीनेशन की रफ्तार और डेल्टा वेरिएंट के खिलाफ भारतीयों की एंटीबॉडी डेवलप होने की तेज क्षमता से ओमिक्रोन से कम नुकसान की संभावना है। लेकिन इसका अभी कोई वैज्ञानिक प्रमाण सामने नहीं आया है।

क्या मौजूदा टीके ओमिक्रोम से बचाव के लिए कारगर हैं? स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि इस बात का कोई सबूत नहीं है कि मौजूदा टीकें ओमाइक्रोन पर काम नहीं करते हैं। “स्पाइक जीन मौजूदा टीकों के प्रभाव को कम कर सकते हैं। हालांकि, कोरोना से सुरक्षा एंटीबॉडी के साथ-साथ सेलुलर प्रतिरक्षा द्वारा भी होती है, जिससे बचाव की काफी उम्मीद है। ऐसे में कोविड टीकों से कोरोना होने की स्थिति में गंभीर बीमारी से बचाव की पूरी उम्मीद है। वहीं स्वास्थ्य मंत्रालय ने साफ किया कि, जिन लोगों ने अभी तक टीका नहीं लगवाया है। वह सभी जल्द से जल्द टीकाकरण करवाएं।

ओमिक्रोन से कितनी चिंता की जरूरत ? स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार ओमिक्रोन कोरोना का बदला हुआ रूप है। इसलिए इसे VoC की श्रेणी में रखा गया है। वहीं ओमिक्रोन की प्रारंम्भिक रिपोर्ट बताती है कि, कोरोना का ये स्वरूप तेजी से फैलता है। इसलिए लोगों को पूरी सावधानी बरतनी चाहिए।

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स्वास्थ्य मंत्रालय ने इन सावधानियों का दिया सुझाव – स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि, आप को ठीक से मास्क लगाना चाहिए। अगर अभी तक टीका नहीं लगवाया है तो दोनों टीकें जल्द से जल्द लगवाने चाहिए। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन करना चाहिए और भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचना चाहिए।

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