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Smart Consumer App: खरीदा गया सामान असली या फर्जी? सरकारी ऐप से आसानी से करें चेक, जानें तरीका

इस मोबाइल एप को एंड्रॉयड और iOS दोनों प्लेटफॉर्म से डाउनलोड किया जा सकता है। यह एप किसी भी प्रोडक्ट की पैकिंग पर छपे क्यूआर कोड को स्कैन करती है।

smart consumer appगूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड की जा सकती है स्मार्ट कंज्यूमर एप। (image source-google play store)

जब बात कॉस्मेटिक, फूड प्रोडक्ट या फिर किसी अन्य FMCG (Fast Moving Consumer Goods) को खरीदने की आती है तो उसका असली होना बेहद अहम होता है। लेकिन हम लोग ऐसे प्रोडक्ट्स की कीमत, एक्सपायरी डेट, सर्टिफिकेशन डिटेल्स और कंटेट की जानकारी के लिए पैक पर दी गई जानकारी पर ही निर्भर होते हैं। चूंकि इन दिनों मिलावटी चीजों का बहुत ज्यादा बोलबाला है और मिलावट का यह गोरखधंधा इतनी चालाकी और सफाई से किया जाता है कि उपभोक्ता असली और नकली में फर्क ही नहीं कर पाता! इसके साथ ही कई प्रोडक्ट पर जो जानकारी दी गई होती है, वह भी सही नहीं होती है, ऐसे में उपभोक्ताओं के सामने सही और गलत को परखने की बड़ी चुनौती है।

ऐसे में अब डिपार्टमेंट ऑफ कंज्यूमर अफेयर्स, भारत सरकार और फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने एक मोबाइल एप पेश की है, जिसकी मदद से कॉस्मेटिक और फूड प्रोडक्ट्स के सही या गलत होने की सटीक जानकारी मिल सकेगी। इस एप को ‘स्मार्ट कंज्यूमर’ (Smart Consumer) नाम दिया गया है। एक गैर लाभकारी संस्था GS1 द्वारा इस मोबाइल एप को तैयार किया गया है।

कैसे करें डाउनलोड और इस्तेमालः इस मोबाइल एप को एंड्रॉयड और iOS दोनों प्लेटफॉर्म से डाउनलोड किया जा सकता है। यह एप किसी भी प्रोडक्ट की पैकिंग पर छपे क्यूआर कोड को स्कैन करती है। जिससे प्रोडक्ट के बारे में सही जानकारी पायी जा सकती है। एप को इस्तेमाल करने के लिए उपभोक्ता को एप ओपन करके प्रोडक्ट की पैकिंग पर दिए क्यू आर कोड को स्कैन करना होगा। कोड स्कैन करने के बाद प्रोडक्ट के मैन्यूफैक्चरर, कीमत, मैन्यूफैक्चर डेट, FSSAI, लाइसेंस और इसके अलावा कई जानकारियां मिल जाती हैं।

खास बात ये है कि यदि मोबाइल एप पर किसी प्रोडक्ट की जानकारी नहीं आती है तो या तो कंपनी द्वारा यह जानकारी नहीं दी गई है या फिर पैक पर दी गई जानकारी फर्जी है। प्रोडक्ट फर्जी है या नहीं, इसकी पुष्टि के लिए उपभोक्ता उसी प्रोडक्ट को किसी अन्य दुकान से खरीदकर उसका क्यूआर कोड स्कैन करके देख सकता है। इस एप की मदद से किसी प्रोडक्ट की कीमत और कंटेंट की भी जानकारी ली जा सकती है। इससे यह भी कंफर्म किया जा सकता है कि प्रोडक्ट पर लगा पैकेजिंग स्टिकर फर्जी तो नहीं है। खास बात ये है कि प्रोडक्ट के फर्जी होने की सूरत में उपभोक्ता इसी मोबाइल एप से इसकी शिकायत भी कर सकता है।

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