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ड्यूटी के साथ मां की भूमिका बखूबी निभाती है ये पुलिसकर्मी, तारीफ हुई तो DGP ने कर दिया ट्रांसफर

कांस्टेबल अर्चना जयंत दो बच्चों की मां हैं, 10 साल की कनक और बच्ची अनिका। अर्चना, उत्तर प्रदेश पुलिस में साल 2016 में शामिल हुईं थीं। उस वक्त अर्चना ने अपनी परास्नातक की पढ़ाई पूरी कर चुकीं थीं।

उत्तर प्रदेश पुलिस में महिला कांस्टेबल अर्चना जयंत अपनी बेटी अनिका के साथ थाने में काम करते हुए। फोटो- Twitter/@upcoprahul

उत्तर प्रदेश पुलिस में महिला कांस्टेबल के पद पर तैनात अर्चना जयंत के लिए वह रोजमर्रा के किसी दिन जैसा ही दिन था। लेकिन लोगों ने उनकी तस्वीर के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर उनकी जमकर तारीफ की। यहां तक कि लोगों ने उत्तर प्रदेश पुलिस के डीजीपी को भी महिलाओं के लिए बेहतर सुविधाएं देने को कहा।

ये तस्वीर सोशल मीडिया साइट ट्विटर पर वायरल हुई थी। इस तस्वीर में अर्चना काम करती हुई दिख रही हैं जबकि उसी वक्त में वह अपने बच्चे की निगरानी भी कर रहीं थीं। म​हज कुछ ही घंटों में फोटो ने सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान आकर्षित कर लिया। यहां तक कि उत्तर प्रदेश पुलिस के मुखिया डीजीपी ओपी सिंह ने भी ट्विटर पर लिखा कि वह पुलिस लाइन में क्रेच की संभावनाओं को तलाश रहे हैं।

उत्तर प्रदेश पुलिस के वरिष्ठ ​अधिकारी राहुल श्रीवास्तव ने ट्विटर पर लिखा,” मिलिए, झांसी कोतवाली में तैनात ‘मदरकॉप’ अर्चना से, जो अपने विभाग और मां के कर्तव्य का निर्वहन साथ—साथ कर रही हैं। वह सैल्यूट की हकदार हैं।”

वायरल तस्वीर में दिख रहा है कि अर्चना जयंत, अपनी डेस्क पर काम कर रही हैं। जबकि उनकी बच्ची अनिका उनकी डेस्क पर गहरी नींद में सो रही है। जबकि वह पुलिस स्टेशन में अपना काम कर रही हैं। स्थानीय मीडिया में प्रकाशित रिपोर्ट में कहा गया है कि उनके वरिष्ठ अधिकारियों ने उनके बच्चे को देखने के बाद उनके समर्पण को देखते हुए 1,000 रुपये के नगद पुरस्कार की घोषणा की है।

जबकि ट्विटर पर कई लोगों ने कहा कि पुलिस को कामकाजी मां को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवानी चाहिए, खासतौर पर जिनके बच्चे छोटे हों। कुछ ने कहा, ”ये बहादुर मां को सैल्युट करने का वक्त नहीं है, लेकिन क्रेच की जरूरत का है। ये विभाग में काम करने वाली कई लोगों के लिए मददगार होगा। वहीं कुछ लोगों ने कहा कि पुलिस में सुधार वक्त की जरूरत है।

कांस्टेबल अर्चना जयंत को ’21वीं सदी की आदर्श और सर्वश्रेष्ठ महिला’ करार देते हुए यूपी पुलिस के डीजीपी ओपी सिंह ने कहा,”मेरी बात अर्चना से सुबह हुई है और मैंने उसका ट्रांसफर आगरा उसके घर के पास करने का आदेश दिया है। झांसी पुलिस स्टेशन से हमें ऐसी रोशनी मिली है जिसने हमें प्रेरित किया है कि हम हर पुलिस लाइन में क्रेच के विकल्प की संभावनाओं को तलाश करें।”

वैसे बता दें कि कांस्टेबल अर्चना जयंत दो बच्चों की मां हैं, 10 साल की कनक और बच्ची अनिका। अर्चना, उत्तर प्रदेश पुलिस में साल 2016 में शामिल हुईं थीं। उस वक्त अर्चना ने अपनी परास्नातक की पढ़ाई पूरी कर चुकीं थीं। अर्चना के पति हरियाणा के गुड़गांव में एक शीर्ष कार निर्माता कंपनी में काम करते हैं।

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