ताज़ा खबर
 

2019 में नरेंद्र मोदी के सामने किसका चेहरा? लाइव डिबेट में भिड़े मोदी समर्थक और विरोधी

एक पैनलिस्ट ने कहा कि देश की जनता अभी भी पीएम मोदी में ही विश्वास जता रही है और हाल ही में हुए चुनाव में भाजपा को मिली जीत इसका सबूत है।

narendra modiभारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। (एक्सप्रेस फाइल फोटो)

2019 का लोकसभा चुनाव जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे ही राजनैतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर बढ़ता जा रहा है। टीवी चैनलों पर होने वाली बहसों के दौरान मोदी समर्थक और मोदी विरोधी अपने-अपने तर्क दे रहे हैं। ऐसी ही एक बहस के दौरान एबीपी न्यूज पर जमकर बहस हुई और कई बार माहौल गरमा-गरमी तक पहुंच गया। मुद्दा था मोदी बनाम महागठबंधन। मोदी समर्थक और राजनैतिक विशलेषक देवांशु झा ने बहस के दौरान महागठबंधन को निशाने पर लिया और सरकारी बंगला खाली करने पर हुई कथित तोड़-फोड़ और सत्ता पाने के लिए अपने परिवार में ही बगावत करने वाले अखिलेश यादव, राहुल गांधी, तेज प्रताप यादव और ममता बनर्जी पर निशाना साधा।

इसके जवाब में वरिष्ठ पत्रकार अशोक वानखेड़े ने मोदी सरकार और पीएम मोदी के गुजरात मॉडल की जमकर आलोचना की। इसके जवाब में एक अन्य पैनलिस्ट ने कहा कि देश की जनता अभी भी पीएम मोदी में ही विश्वास जता रही है और हाल ही में हुए चुनाव में भाजपा को मिली जीत इसका सबूत है। साथ ही उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के खिलाफ सभी विपक्षी पार्टियां महागठबंधन बना रही हैं, लेकिन अभी तक पीएम पद के उम्मीदवार का ऐलान नहीं किया गया है, क्योंकि उन्हें पता है कि पीएम पद का ऐलान करने पर अन्य पार्टियां महागठबंधन से छिटक सकती है! इसके जवाब में कांग्रेस नेता मीम अफजल ने कहा कि साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने पीएम मोदी के नाम का ऐलान भी नहीं किया था, तो फिर महागठबंधन से उम्मीद क्यों की जा रही है कि वह पीएम पद के उम्मीदवार का ऐलान करे?

बहस के दौरान लेफ्ट के एक नेता ने कहा कि उन्हें सूत्रों से जानकारी मिली है कि आरएसएस ने एक आंतरिक सर्वे किया है, जिसके तहत भाजपा को उत्तर प्रदेश में 60 सीटों का नुकसान हो रहा है। टीवी एंकर ने बहस के दौरान भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के उस बयान का जिक्र किया जो उन्होंने इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप के साथ बातचीत के दौरान दिया था। अपने इस बयान में अमित शाह ने कहा था कि “इस बार भाजपा के पक्ष में पहले से ज्यादा हवा है। दूर-दूर तक हमें विपक्ष की चुनौती नजर नहीं आती। विपक्षी पार्टियों को राज्य की जनता ने नकार दिया है इसलिए वह एकजुट हो रही हैं।” इसके जवाब में पैनलिस्ट ने कहा कि पश्चिम बंगाल और दक्षिण भारत में भाजपा की यह बात गलत साबित हो रही है। साथ ही सपा-बसपा के गठबंधन से भाजपा की उत्तर प्रदेश में सांस फूल रही है। जिसके जवाब में एक भाजपा समर्थक पैनलिस्ट ने कहा कि महागठबंधन का कोई विजन नहीं है और यह सिर्फ पीएम मोदी को हराने के लिए बनाया जा रहा है।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 जस्टिस रंजन गोगोई बोले- जजों की प्रोन्‍नत‍ि के लिए तय हैं नियम, सिर्फ CJI को बदलने में है दिक्‍कत
2 VIDEO: एंकर को अपशब्द कहने वाले कांग्रेस प्रवक्ता उसी डिबेट में फिर आए- अफसोस जताकर फिर भिड़े
3 महिला को मूंछ आती थी, हटाने की कोशिश में चेहरे का हुआ ये हाल
IPL 2020 LIVE
X