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सब लोग दौड़ेंगे तो कितनी नौकरी दे सकते हैं?- बोले मोहन भागवत तो लालू प्रसाद यादव ने महाझूठी, महाकपटी पाठशाला कह ऐसे कसा तंज

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा है कि अगर सब लोग सरकारी नौकरी के लिए दौड़ेंगे तो नौकरी कितनी दे सकते हैं? इस पर लालू प्रसाद यादव की प्रतिक्रिया सामने आई है।

सब लोग दौड़ेंगे तो कितनी नौकरी दे सकते हैं?- बोले मोहन भागवत तो लालू प्रसाद यादव ने महाझूठी, महाकपटी पाठशाला कह ऐसे कसा तंज
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत (Photo Source- ANI)

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख डॉ. मोहन राव भागवत नागपुर में विजय दशमी समारोह में शामिल हुए। दशहरा कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भागवत ने कई मुद्दों पर केंद्र सरकार की जमकर तारीफ की। अपने भाषण में आरएसएस प्रमुख ने सरकार को नसीहत भी दी है। उन्होंने कहा, सरकार को उसके दायित्व से मुक्त करना मैं नहीं चाहता हूं और हमें सरकार को मुक्त करना भी नहीं है। जनता का काम है कि सरकार के कामों पर नजर रखे। वे देखें कि सरकार अपने दायित्व को ठीक से पूरा करती हैं कि नहीं।

सरकारी नौकरी पर क्या बोले मोहन भागवत?

स्वयंसेवक संघ के अध्यक्ष ने यह भी कहा कि रोजगार मतलब नौकरी और नौकरी के पीछे ही भागेंगे और वह भी सराकरी। अगर ऐसे सब लोग दौड़ेंगे तो नौकरी कितनी दे सकते हैं? किसी भी समाज में सराकरी और प्राइवेट मिलाकर ज़्यादा से ज़्यादा 10, 20, 30 प्रतिशत नौकरी होती है। बाकी सब को अपना काम करना पड़ता है। इस पर लालू प्रसाद यादव ने प्रतिक्रिया दी है।

लालू यादव ने दी ये प्रतिक्रिया

लालू प्रसाद यादव ने लिखा कि RSS की ठग विद्या से प्रशिक्षित एवं संघ की महाझूठी, महाकपटी पाठशाला से निकले जुमलेबाज विद्यार्थी ही सालाना 2 करोड़ नौकरी प्रतिवर्ष देने का वादा कर वोट बटोरते हैं? जब जब RSS-BJP अपनी ही बेफिजूल की बातों में फंसती है तो नफरत फैलाने वाले सज्जन बिन मांगा ज्ञान बांटने चले आते हैं। सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

लोगों की प्रतिक्रियाएं

@Chirag22INC यूजर ने लिखा कि सभी अभिभावक को अब बच्चों की पढ़ाई छुड़वा देनी चाहिए, अपने बच्चों को राष्ट्र के कल्याण हेतु संघ में सम्मलित कर देना चाहिए। 10,20,30, प्रतिशत नौकरी की भी आवश्यकता खत्म हो जाएगी। @vikastiwari1990 यूजर ने लिखा कि अरे महाराज, जो सरकारी नौकरी की तैयारी करते हैं, उन सबको पता होता है कि सबको नौकरी नहीं मिलेंगी लेकिन वो सरकार से ये उम्मीद करते हैं कि कम से कम सही ढंग से एग्जाम हो, सही समय पर रिजल्ट आये, बिना धांधली के नौकरी मिले, हम लोगों को भी पता चले कि जिनको नौकरी मिली है वो उसके काबिल थे।

@Kamalakant_Odia यूजर ने लिखा कि सब सरकारी नौकरी के चक्कर में क्यों पड़े हो? RSS, BJP, IT cell में चले जाएं, यही बोल देते तो अच्छा होता। @MunafShaikh33 यूजर ने लिखा कि अगर नौकरी नहीं दे सकते तो आप को सरकार मे बने रहने का अधिकार नहीं है और देश मे बिजनेस करने लाइक स्थिति नहीं है। GDP गिर रही है, देश में मंदी का माहौल है। @Shailes55080581 यूजर ने लिखा कि जितनी सरकारी नौकरी दे सके, उतनी ही दे दीजिए। पढ़े-लिखे लड़कों के साथ बीजेपी सरकार नाइंसाफी कर रही है।

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First published on: 05-10-2022 at 07:41:16 pm
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