पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा- गौरक्षा के नाम पर गुंडागर्दी की सब करें निंदा, साध्वी ने दी नसीहत- खुद शुरुआत क्‍यों नहीं करते? - PM Narendra Modi Ask to Deal Strictly with Cow Vigilante, Sadhavi Khosla Asked Why Don't you Start With Yourself - Jansatta
ताज़ा खबर
 

पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा- गौरक्षा के नाम पर गुंडागर्दी की सब करें निंदा, साध्वी ने दी नसीहत- खुद शुरुआत क्‍यों नहीं करते?

पीएम नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, "कानून व्यवस्था को बनाए रखना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है और जहां भी ऐसी घटनाएं हो रही हैं, राज्य सरकारों को इनसे सख्ती से निपटना चाहिए।"

साध्वी खोसला ने पीएम नरेंद्र मोदी को टविटर पर दी सलाह। (फाइल फोटो)

रविवार (16 जुलाई) को पीएम मोदी ने अपने ट्विटर पर गौरक्षा और बीफ के नाम पर की गई हिंसा पर की ट्वीट किए। पीएम ने कहा कि गौरक्षा के नाम पर हिंसा करने वालों से सख्ती से निपटना चाहिए। पीएम के ट्वीट को रीट्वीट करते हुए लेखिका साध्वी खोसला ने उनसे अपील की कि वो पहले “‘ट्विटर रक्षकों” को अनफॉलो करें। लेकिन पीएम मोदी और बीजेपी को चाहने वालों को साध्वी की सलाह नहीं पसंद आई और कुछ लोगों ने उन्हें ट्रॉल कर दिया। हालांकि कई लोगों ने उनके साहस की तारीफ भी की।

पिछले कुछ सालों में गाय और बीफ के नाम पर बढ़ी हिंसा और हत्याओं के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर इस मसले पर चुप्पी साधने का आरोप विपक्ष लगाता रहा है। पीएम मोदी ने कुछेक मौकों पर  कथित गौरक्षकों द्वारा हिंसा और हत्या की निंदा की है लेकिन विपक्ष इसे केवल अपना चेहरा बचाने की कवायद बताता रहा है। रविवार को किए ट्वीट में भी पीएम मोदी ने परोक्ष तौर पर गाय और बीफ के नाम पर हो रही हत्याओं की जिम्मेदारी राज्य सरकारों पर डाल दी।

पीएम मोदी ने ट्वीट किया, “कानून व्यवस्था को बनाए रखना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है और जहां भी ऐसी घटनाएं हो रही हैं, राज्य सरकारों को इनसे सख्ती से निपटना चाहिए।” बीजेपी पहले भी कहती रही है कि कानून-व्यवस्था राज्य सरकार की जिम्मेदारी है इसलिए ऐसी घटनाओं के लिए केंद्र सरकार को दोष देना ठीक नहीं। लेकिन इंडिया स्पेंड के डेटा के अनुसार केंद्र में नरेंद्र मोदी सरकार बनने के बाद से देश में गाय से जुड़ी हिंसा में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। ऐसे 97 प्रतिशत मामले नरेंद्र मोदी के पीएम बनने के बाद हुए हैं। साल 2010 से 2017 के बीच हुई गाय से जुड़ी 63 घटनाओं में  57 प्रतिशत पीड़ित मुस्लिम थे। इन घटनाओं में कुल 28 भारतीय मारे गए जिनमें से 24 मुसलमान थे।

वीडियो- सोमवार (17 जुलाई) को हो रहे हैं राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतदान

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App