बेटे के कमरे से मां-बाप को मिले कॉन्‍ट्रॉसेप्टिव्‍स, वायरल वीडियो में देखिए फिर क्‍या हुआ - Parents find Birth Control in son’s room and what happens next, Watch inside the Video - Jansatta
ताज़ा खबर
 

बेटे के कमरे से मां-बाप को मिले कॉन्‍ट्रॉसेप्टिव्‍स, वायरल वीडियो में देखिए फिर क्‍या हुआ

एक मिनट तीन सेकेंड्स की इस क्लिप में मां-बाप को बेटे के कमरे से कंडोम का पैकेट मिलता है। बेटा जैसे ही उनके सामने आता है तो वे उससे कैसे पेश आते हैं, यही इस वीडियो में बखूबी से दिखाया गया है।

वीडियो के क्लाइमैक्स में क्या होता है, यह जानने के लिए देखिए पूरी क्लिप। (फोटोः फेसबुक/एमटीवी इंडिया)

सेक्स जैसा विषय भारत में अभी भी टैबू माना जाता है। लोग खुल कर इस पर बात करना पसंद नहीं करते। ऐसे में कल्पना कीजिए कि किसी नवयुवक के कमरे से घर वालों को कंडोम मिले, तो कैसी स्थिती होगी? संभव है कि वह जवाब देने की हालत में नहीं होगा। शुक्रवार को विश्व एड्स दिवस (1 दिसंबर) पर ऐसी ही घटना से मिलता-जुलता वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होता रहा। एमटीवी इंडिया ने इसे अपने फेसबुक अकाउंट से शेयर किया था। एक मिनट तीन सेकेंड्स की इस क्लिप में मां-बाप को बेटे के कमरे से कंडोम मिलता है। बेटा जैसे ही उनके सामने आता है तो वे उससे कैसे पेश आते हैं, यही इस वीडियो में बखूबी से दिखाया गया है। जबकि, बेटे के पास कुछ कहने के लिए शब्द नहीं होते हैं। आपको बता दें कि एक्वायर्ड इम्यूनो-डिफिसिएंसी सिंड्रम यानी कि एड्स को लेकर जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से हर साल 1 दिसंबर को विश्व एड्स दिवस के रूप में मनाया जाता है। 1988 से शुरू हुई इस परंपरा में इस दिन हर साल लोगों को सिंड्रम तथा उसके कारक एचआईवी के बारे में जानकारी दी जाती है तथा ऐसे लोगों के प्रति अफसोस जाहिर किया जाता है जो इस जानलेवा बीमारी की चपेट में आकर अपनी जान गवां चुके होते हैं। देखिए आगे क्या होता है वीडियो में-

और करीब से जानिए एड्स को
एड्स स्वयं कोई बीमारी नहीं होती बल्कि यह एचआईवी के संक्रमण के बाद की एक स्थिति है जब व्यक्ति अपनी प्राकृतिक रोग प्रतिरक्षण क्षमता को खो देता है जिसके बाद उसे कई तरह की संक्रामक बीमारियां अपने चपेट में ले लेती हैं। एचआईवी संक्रमण को एड्स तक पहुंचने में तकरीबन 8-10 साल का समय लग जाता है। एड्स अभी तक एक लाइलाज बीमारी है। थोड़ी सावधानी बरतकर इसे रोका तो जा सकता है लेकिन एक बार एड्स का शिकार हो जाने पर इसका पूरी तरह से इलाज हो पाना संभव नहीं है।

एड्स के लक्षण – एचआईवी से संक्रमित होने के बाद भी काफी दिनों तक रोगी में एड्स के लक्षण दिखाई नहीं देते हैं। सामान्य तौर पर एड्स के शुरुआती लक्षण बुखार, सिरदर्द, थकान, हैजा, मतली, भोजन से अरूचि तथा लसिकाओं में सूजन आदि होते हैं। एड्स से जुड़े कुछ ऐसे सवाल हैं जो अक्सर लोगों द्वारा पूछे जाते हैं और जिनके बारे में हर किसी को जानकारी होनी ही चाहिए। तो चलिए जानते हैं वे सवाल क्या हैं –

1. एचआईवी क्या है – ह्यूमन इम्यूनो-डिफिसिएंसी वायरस एक तरह का वायरस है जिसके संक्रमण से एड्स होता है। यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में खून के माध्यम से, इंजेक्शन शेयर करने से, तथा संक्रमित प्रेग्नेंट महिला से उसके बच्चे को दूध पिलाने के माध्यम से फैल सकता है।

2. एड्स क्या है – एड्स एसआईवी के संक्रमण से होने वाला रोग है जिसमें इंसान की रोगप्रतिरोधक क्षमता बेहद कमजोर हो जाती है। ऐसे में अवसरवादी इन्फेक्शन्स का शरीर पर हमला बढ़ जाता है।

3. एचआईवी के एड्स तक पहुंचने में कितना समय लगता है – एचआईवी से संक्रमित होने के कम से कम 10 साल के अंदर एड्स के लक्षण रोगी में दिखाई देने लगते हैं। यह समय रोगी की सेहत और उसकी सेहत से जुड़ी आदतों पर भी निर्भर करता है।

4. एड्स इतनी गंभीर समस्या क्यों है – एड्स एक लाइलाज बीमारी है। साथ ही एचआईवी का संक्रमण असुरक्षित यौन संबंधों से होता है जिस पर आज भी हमारे देश में लोग खुलकर चर्चा करने से हिचकते हैं। ये सारी चीजें एड्स से लड़ाई को और कठिन बना देती हैं।

5. यौन संपर्क से एड्स न फैले, इसके लिए क्या करें – इसके लिए आप एक से ज्यादा पार्टनर के साथ यौन संबंध बनाने से परहेज करें तथा एक ही असंक्रमित पार्टनर के साथ संबंध बनाएं। इसके अलावा सेक्स के दौरान कंडोम का ठीक तरह से प्रयोग करके भी एचआईवी संक्रमित होने से बचा जा सकता है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App