Train Viral Video: इंडिया में सिविक सेंस पर बहस आम बात है। ऐसा इसलिए क्योंकि आज भी जब समय इतना बदल गया है कुछ लोगों में सार्वजनिक जगहों पर कैसे बर्ताव करना है, इसकी समझ थोड़ी धुंधली है। लोग कहीं भी थूक देते हैं, पेशाब करने लग जाते हैं या कोई ऐसा काम कर देते हैं, जिन्हें देखकर ऐसा लगता है कि इन्हें सिविक सेंस का पाठ पढ़ाने की जरूरत है।
मूंगफली के छिलके बिखेरते नजर आया
इंटरनेट पर इनदिनों वायरल हो रहा एक वीडियो इसी बात को सच साबिक कर रहा है। वीडियो एक ट्रेन के भीतर का है। एक्स पर शेयर किए गए वीडियो में देखा जा सकता है कि एक शख्स को बोगी के अंदर साइड लोअर बर्थ पर बैठा है वो मूंगफली खा रहा है और उसके छिलके साफ सुथरी फर्श पर बिखेर रहा है।
इस वीडियो ने यूजर्स को नाराज कर दिया। उन्होंने इस बात पर नाराजगी जाहिर की कि आखिर कोई पब्लिक ट्रांसपोर्ट में ऐसा कैसे कर सकता है। एक साफ सुथरी बॉगी को गंदा करके आखिर उसे क्या हासिल हो रहा है। वो चाहता तो छिलकों को समेट कर फेंक भी सकता था।
एक्स पर पोस्ट किया गया वीडियो जमकर वायरल हो रहा है। वीडियो को अब तक हजारों यूजर्स देख और लाइक कर चुके हैं। वीडियो के कमेंट सेक्शन में यूजर्स ने नाराजगी जाहिर की है। एक टिप्पणी में लिखा था, “इंफ्रास्ट्रक्चर को रातों-रात अपग्रेड किया जा सकता है। लेकिन सिविक सेंस को नहीं – इसका रोज़ अभ्यास करना पड़ता है। आप एक ट्रेन को दिन में 10 बार साफ़ कर सकते हैं, लेकिन एक लापरवाह सोच कुछ ही मिनटों में सब खराब कर देती है। स्वच्छ भारत सिर्फ़ सरकार का प्रोजेक्ट नहीं है। यह नागरिकों का टेस्ट है।”
यहां देखें वायरल वीडियो –
गौरतलब है कि इंफ्रास्ट्रक्चर को रातों-रात अपग्रेड किया जा सकता है। लेकिन सिविक सेंस को नहीं – इसका रोज़ अभ्यास करना पड़ता है। आप एक ट्रेन को दिन में 10 बार साफ़ कर सकते हैं, लेकिन एक लापरवाह सोच कुछ ही मिनटों में सब खराब कर देती है।
स्वच्छ भारत सिर्फ़ सरकार का प्रोजेक्ट नहीं है। यह नागरिकों का टेस्ट है।
किसी भी अन्य ट्रेन में मूंगफली के छिलके फेंकना या कचरा फैलाना एक कानूनी अपराध है। भारतीय रेलवे ‘स्वच्छ भारत अभियान’ के तहत अब गंदगी फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई कर रहा है। ट्रेन या प्लेटफॉर्म पर कचरा फेंकने, थूकने या गंदगी फैलाने पर ₹500 तक का स्पॉट फाइन (मौके पर जुर्माना) लगाया जा सकता है।
पटरियों या स्टेशनों पर भारी गंदगी फैलाने की स्थिति में NGT के निर्देशों के तहत यह जुर्माना ₹5,000 तक बढ़ सकता है। ट्रेन में मौजूद TTE, स्टेशन मास्टर या RPF/GRP के पुलिसकर्मी आपको चालान थमा सकते हैं। अब प्रमुख स्टेशनों और प्रीमियम ट्रेनों में CCTV और AI कैमरों के जरिए गंदगी फैलाने वालों की पहचान की जा रही है। ऐसे में सलाह है कि सार्वजनिक जगहों और साधनों में ऐसी हरकतों से बचा जाए।
