एक वीडियो… एक डरावना विमान हादसा… और एक पायलट की पुरानी बात। सोशल मीडिया पर इस समय भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार की कहानी तेजी से चर्चा में है। फ्लाईदुबई की उड़ान एफजेड-1073 में बीच आसमान में ऐसा घटनाक्रम हुआ, जिसने विमान में सवार 174 लोगों की जिंदगी को खतरे में डाल दिया।
दुबई से तेल अवीव जा रही इस उड़ान में कथित तौर पर सह-पायलट ने कॉकपिट के अंदर कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला कर दिया। रिपोर्टों के मुताबिक, कैप्टन को गंभीर चोटें आईं। विमान ने आपात संकेत भेजे और अचानक ऊंचाई भी खोई। इसके बाद घटनाक्रम तेजी से बदल गया।
बताया जा रहा है कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाबी हासिल की। इसके बाद यात्रियों और चालक दल के लोगों को अंदर पहुंचने का मौका मिला। कुछ यात्रियों ने हमलावर को काबू करने में मदद की। इसी दौरान विमान में मौजूद दो अन्य पायलटों ने विमान की कमान संभाली और उसे सऊदी अरब के तबुक में सुरक्षित उतारा गया। और यहीं से कहानी का वह हिस्सा सामने आया, जिसने सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच लिया।
वह पुराना वीडियो अब हो रहा है तेजी से वायरल
करीब एक साल पहले कैप्टन स्मित मच्छार ने एक बातचीत में केबिन क्रू की भूमिका पर बात की थी। उन्होंने कहा था कि लोग अक्सर विमान के केबिन दल के साथ ठीक व्यवहार नहीं करते, लेकिन जब हालात बिगड़ते हैं, तब आपको उन्हीं लोगों की जरूरत पड़ती है। उनका कहना था कि प्रशिक्षित चालक दल मुश्किल समय में यात्रियों की जान बचाने में अहम भूमिका निभा सकता है। अब वही पुराना वीडियो फिर सामने आया है।
यही वजह है कि सोशल मीडिया पर लोग कैप्टन स्मित मच्छार की पुरानी बात और मौजूदा घटना को एक साथ जोड़कर देख रहे हैं। यह वीडियो 30 सितंबर को यहूदा टाइटेलबॉम (Yehuda Teitelbaum @chalavyishmael) नाम के यूजर ने साझा किया था और कुछ ही समय में इस पोस्ट पर लाखों बार देखे जाने और हजारों प्रतिक्रियाओं की चर्चा होने लगी।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की सार्वजनिक रूप से तारीफ की। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन ने संघर्ष किया, कॉकपिट का दरवाजा खोला और यात्रियों तथा चालक दल को हमलावर पर काबू पाने में मदद मिली। नेतन्याहू ने उन्हें सच्चा नायक बताया।
कैप्टन स्मित मच्छार की पहचान सामने आने के बाद उनके विमानन करियर की जानकारी भी सोशल मीडिया पर तेजी से साझा की जा रही है। रिपोर्टों के अनुसार, वह मुंबई के रहने वाले हैं। उन्होंने स्पाइसजेट में 11 साल से ज्यादा समय तक काम किया और जून 2022 में फ्लाईदुबई के कैप्टन बने। उनके पास 13 साल से ज्यादा का व्यावसायिक उड़ान अनुभव और 9,500 से ज्यादा उड़ान घंटे होने की जानकारी सामने आई है।
इस कहानी का सबसे बड़ा सवाल अब यही है आखिर उस कॉकपिट में हुआ क्या था? घटना की जांच जारी है और शुरुआती रिपोर्टों में सामने आई कई जानकारियों की अभी आधिकारिक जांच होनी बाकी है। यात्रियों के बयान और अधिकारियों की जानकारी से घटना की तस्वीर धीरे-धीरे साफ हो रही है।
लेकिन सोशल मीडिया पर एक बात बार-बार सामने आ रही है – जिस पायलट ने करीब एक साल पहले कहा था कि मुश्किल वक्त में केबिन क्रू की जरूरत पड़ती है, उसी की अपनी जिंदगी में अब ऐसा मुश्किल वक्त आया, जहां पायलट, चालक दल और यात्रियों के बीच सहयोग ने विमान को सुरक्षित जमीन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
यही वजह है कि कैप्टन स्मित मच्छार की कहानी सिर्फ एक विमान हादसे की खबर नहीं रह गई है। उनका पुराना वीडियो, बीच हवा में हुआ हमला और उसके बाद सुरक्षित लैंडिंग – इन तीनों ने मिलकर इस घटना को सोशल मीडिया की सबसे ज्यादा चर्चा वाली स्टोरी में शामिल कर दिया है।
यह भी पढ़ें: ‘घायल होने के बावजूद बचाई सैकड़ों की जान’, फ्लाईदुबई फ्लाइट के भारतीय पायलट की पीएम मोदी ने की जमकर तारीफ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट में कथित हमले की कोशिश को नाकाम करने के मामले में भारतीय पायलट स्मित मच्छार की जमकर तारीफ की है। पीएम मोदी ने उन्हें एक सच्चा हीरो बताया है, जिन्होंने सैकड़ों लोगों की जान बचाई। पीएम मोदी ने भारतीय पायलट की तारीफ करते हुए लिखा,”कैप्टन स्मित मच्छार एक नायक हैं। गंभीरतम संकट के सामने और खुद गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद, उन्होंने दूसरों के जीवन की रक्षा के लिए अदम्य साहस और अडिग संकल्प का परिचय दिया।” पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां पर करें क्लिक
