javed akhtar trolls on social media gives befitting reply - यूजर ने ट्रोल करना चाहा तो जावेद अख्‍तर बोले- मैंने जो गाने लिखे, उसे सैनिक चाव से गाते हैं - Jansatta
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यूजर ने ट्रोल करना चाहा तो जावेद अख्‍तर बोले- मैंने जो गाने लिखे, उसे सैनिक चाव से गाते हैं

जावेद अख्तर ने ट्वीट कर कहा कि "मेरे लिए यह मायने नहीं रखता कि कोई मुस्लिम है या हिंदू। जो सांप्रदायिक, छोटे, आत्मनिरिक्षण से रहित और हमेशा दूसरों में ही कमी निकालने वाले होते हैं, वो मेरी अवमानना के हकदार हैं।

जावेद अख्तर। (photo by partha paul)

मशहूर गीतकार जावेद अख्तर एक बार फिर ट्रोल का शिकार हो गए हैं। हालांकि जावेद अख्तर ने अपने तरीके से इन ट्रोल्स को जवाब देने की कोशिश की। दरअसल इस पूरे मुद्दे की शुरुआत एक ट्वीट से हुई, जिसमें एक यूजर ने इस बात का जिक्र किया कि जावेद अख्तर ने एक पुलिस अफसर को बर्खास्त करने की मांग की थी। इस पर जावेद अख्तर ने इस यूजर को जवाब देते हुए कहा कि उक्त पुलिस अफसर ने उनके एक गीत का इस्तेमाल करते हुए एक कविता लिखी और कविता में हिंसा और नफरत की बातें ही लिखी थीं, जिसकी उम्मीद एक पुलिस अफसर से नहीं की जाती। इस पर यूजर ने जावेद अख्तर पर पक्षपातपूर्ण और इस्लाम समर्थक बताया।

इस पर जावेद अख्तर ने ट्वीट कर कहा कि “मेरे लिए यह मायने नहीं रखता कि कोई मुस्लिम है या हिंदू। जो सांप्रदायिक, छोटे, आत्मनिरिक्षण से रहित और हमेशा दूसरों में ही कमी निकालने वाले होते हैं, वो मेरी अवमानना के हकदार हैं। बेशक, तुम उन्हीं में से एक हो।” जावेद अख्तर के इस ट्वीट पर एक अन्य यूजर ने अख्तर के अंदाज में ही ट्वीट करते हुए कहा कि ‘यह मेरे लिए मायने नहीं रखता कि ये जावेद अख्तर हैं या कोई और, जो हमारी सेना के खिलाफ है और सिर्फ हिंदुओं में ही कमियां ढूंढते हैं और हिंदुओं के खिलाफ बोलते हैं। वो मेरी अवमानना के हकदार हैं। बेशक, तुम उन्हीं में से एक हो।’

सोशल मीडिया यूजर के इस ट्वीट से जावेद अख्तर भड़क गए और उन्होंने एक अन्य ट्वीट कर लिखा कि “मैंने आईएमए, देहरादून के लिए गीत लिखा है। भविष्य के सभी आर्मी अफसर हर समारोह के दौरान इस गीत को ही गाते हैं। बीते साल उन्होंने मुझे भाषण देने के लिए आमंत्रित भी किया था। इस दौरान मेरे संबोधन के दौरान हॉल वरिष्ठ और युवा अफसरों से खचाखच भरा था। सीआरपीएफ और सीआईएसएफ के गीत भी मैंने ही लिखे हैं। अब दफा हो जाओ।” बता दें कि जावेद अख्तर कई बार सार्वजनिक मंचों पर खुलकर समाज में बढ़ रही नफरत और सांप्रदायिकता पर चिंता जता चुके हैं। साथ ही जावेद अख्तर सोशल मीडिया पर भी काफी सक्रिय रहते हैं। यही वजह है कि कई बार जावेद अख्तर सोशल मीडिया पर ट्रोल्स का शिकार हो चुके हैं।

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