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वीडियो: अमेठी में बोले कुमार विश्‍वास- मैं भारतीय राजनीति का सबसे कम उम्र का आडवाणी हूं

कुमार विश्‍वास के इस बयान को उनकी पार्टी द्वारा राज्‍य सभा टिकट नकार दिए जाने से जोड़कर देखा जा रहा है। राज्‍य सभा के लिए आम आदमी पार्टी ने विश्‍वास के नाम की चर्चा जोरों पर थीं मगर पार्टी ने उनकी बजाय संजय सिंह, एनडी गुप्‍ता और सुशील गुप्‍ता को उच्‍च सदन भेजा।

AAP नेता व कवि डॉ कुमार विश्‍वास। (Photo: DrKumarVishwas/Twitter)

आम आदमी पार्टी के नेता डॉ कुमार विश्‍वास ने खुद को ‘भारतीय राजनीति का सबसे कम उम्र का आडवाणी’ बताया है। अमेठी में गुरुवार (22 फरवरी) को हुए कवि सम्‍मेलन में कुमार विश्‍वास ने काव्‍य पाठ करते समय श्रोताओं से कहा, ”आज आप मेरा ज्‍यादा सम्‍मान करिए। अनंत विक्रम बैठे हैं, उनकी उपस्थिति में कहता हूं। मैं इस देश की राजनीति का सबसे कम उम्र का आडवाणी हूं।” कुमार विश्‍वास की इस टिप्‍पणी पर खूब तालियां बजीं। इसके बाद विश्‍वास ने कहा, ‘भई कोई और कहे, इससे पहले मैं ही कह दूं। पिछली बार जब मैं चुनाव लड़ने आया था तो इनके (अनंत ) पूज्‍य पिताजी (संजय सिंह, कांग्रेस) को राज्‍य सभा मिल गई। इस बार मेरे नाम के कारण इनके दूसरे नामधारी को मिल गई। मैं इसी काम आता हूं कि जितने संजय नाम के हैं उनको राज्‍य सभा भिजवा दूं, लेकिन अच्‍छा है राजनीति अपने आनंद की जगह है, आप परमानंद में हैं।”

कुमार विश्‍वास के इस बयान को उनकी पार्टी द्वारा राज्‍य सभा टिकट न दिए जाने से जोड़कर देखा जा रहा है। राज्‍य सभा के लिए आम आदमी पार्टी ने विश्‍वास के नाम की चर्चा जोरों पर थीं मगर पार्टी ने उनकी बजाय संजय सिंह, एनडी गुप्‍ता और सुशील गुप्‍ता को उच्‍च सदन भेजा। कुमार के नाम को लेकर उनके समर्थक महीने भर से अभियान चला रहे थे, मगर पार्टी हाईकमान ने उनकी आशाओं पर पानी फेर दिया।

कुमार विश्‍वास इस बात से बेहद खफा थे और उन्‍होंने सार्वजनिक मंचों से कई बार अपनी नाराजगी जाहिर की थी। इस बात की भी चर्चा थी कि विश्‍वास पार्टी छोड़ सकते हैं, मगर उन्‍होंने इससे इनकार किया था। विश्‍वास ने कहा था, ”आपके श्रम से बनाए कच्‍चे घर में अगर कोई दबंग सेठ अपनी लाठी और पैसे के सहारे घुस जाए तो घर छोड़कर थोड़े ही भागा जाता है। घर तो हमारा है, घर तो लाखों कार्यकर्ताओं का है। दो सेठों के घुस जाने से क्‍या होगा। अपनी पार्टी है, हम इसी के अंदर है। इसके शोधन और शुद्धिकरण की प्रक्रिया बहुत समय से लंबित थी तो इसका शोधन चलता रहेगा।”

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