इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप और OpenAI ने रणनीतिक साझेदारी का ऐलान किया है। इसका मकसद ज्यादा से ज्यादा लोगों तक ग्रुप की पत्रकारिता को पहुंचाना और उन्हें इससे जोड़ना है। यह साझेदारी ChatGPT में एक्सप्रेस ग्रुप से जुड़े प्रकाशनों के कंटेट को प्रस्तुत किए जाने के तरीके को बेहतर बनाएगी।

यूजर जब कोई सवाल पूछेगा तो इसके जवाब में उसका सोर्स और ओरिजिनल आर्टिकल का डायरेक्ट लिंक भी दिखाई देगा। इससे यूजर पब्लिशर के प्लेटफार्म की पूरी रिपोर्टिंग और एनालिसिस तक पहुंच सकेंगे। 

शुरुआत में इसके तहत द इंडियन एक्सप्रेस और द फाइनेंशियल एक्सप्रेस का कंटेंट शामिल होगा। इसमें अंग्रेजी, हिंदी, मराठी, मलयालम, तमिल, बंगाली और गुजराती समेत सात भाषाओं में लाइव रिपोर्टिंग और आर्काइव किया गया कंटेंट भी दिखाया जाएगा।

नई तकनीक को अपनाने के लिए हमेशा तैयार- नंदगोपाल राजन  

इंडियन एक्सप्रेस डिजिटल के CEO नंदगोपाल राजन ने कहा, “एजेंडा तय करने वाली हमारी इन्वेस्टिगेशन, न्यूज को ब्रेक करना और अलग-अलग राजनीतिक विचारधाराओं को जगह देने की हमारी परंपरा एक्सप्रेस ग्रुप को भारतीय मीडिया में सबसे अलग बनाती है। हम हमेशा से नई तकनीक को अपनाने के लिए तैयार रहे हैं। यह पार्टनरशिप पाठकों के लिए हमारे देशभर में मौजूद पत्रकारों की खबरों और उनकी गहन रिपोर्टिंग तक पहुंचने का एक नया रास्ता तैयार करेगी। इसमें खबर के ओरिजिनल सोर्स को साफतौर पर बताया जाएगा और पाठक सीधे उस सोर्स यानी मूल खबर तक को भी एक्सेस कर पाएंगे।”

CEO नंदगोपाल राजन ने आगे कहा, “टेक्नोलॉजी के बदलने के साथ लोगों का खबरों को सर्च करने और पढ़ने का तरीका भी बदल रहा है। लेकिन हमारी प्राथमिकता आज भी भरोसेमंद पत्रकारिता ही है। हम हर खबर को पूरी संपादकीय जिम्मेदारी के साथ पब्लिश करते हैं।”

OpenAI में मीडिया पार्टनरशिप के वाइस प्रेसिडेंट वरुण शेट्टी ने कहा, “गहन जांच-पड़ताल और निष्पक्ष रिपोर्टिंग इंडियन एक्सप्रेस की मजबूत परंपरा है और यह लोगों को भारत को बेहतर ढंग से समझने में मदद करती है। हम चाहते हैं कि AI की मदद से ज्यादा से ज्यादा लोग पत्रकारिता और खबरों तक पहुंच सकें। इसके लिए खबरों के सोर्स का साफ तौर पर उल्लेख किया जाएगा और सीधे लिंक भी दिए जाएंगे।”

शेट्टी ने आगे कहा, “यह हमारे उस संकल्प को दिखाता है जिसमें हम पब्लिशर्स के साथ मिलकर ऐसी तकनीक विकसित करना चाहते हैं, जो पत्रकारों, पाठकों और एक मजबूत न्यूज इकोसिस्टम को सपोर्ट करती हो।”

द इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप अपनी पत्रकारिता पर पूरा और स्वतंत्र एडिटोरियल नियंत्रण बनाए रखेगा। OpenAI की इसमें कोई भूमिका नहीं होगी कि ग्रुप किन खबरों को प्रकाशित करता है, उन खबरों को किस तरह तैयार किया जाता है या उनसे क्या संपादकीय नतीजे निकाले जाते हैं।

इस साझेदारी को आगे बढ़ाते हुए दोनों संगठन इस बात का भी पता लगाएंगे कि OpenAI की तकनीक किस तरह ग्रुप के पाठकों को बेहतर अनुभव देने और रोजमर्रा के काम को आसान बनाने में मदद कर सकती है। इसके तहत यह देखा जाएगा कि आर्काइव की खोज, रिसर्च, डेटा एनालिसिस, ट्रांसलेशन, रीडर सर्विसेज और बिजनेस ऑपरेशन में AI का इस्तेमाल कैसे किया जा सकता है।

संपादकीय काम में इन AI टूल्स का इस्तेमाल इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप के स्टैंडर्ड्स, नीतियों और मानव निगरानी के तहत ही किया जाएगा।