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स्वाद के साथ त्योहार

मौसम का मन-मिजाज बदल रहा है। खिली धूप ने सर्दी के अहसास को काफी हद तक कम कर दिया है। होली भी नजदीक आ रही है। उस दिन कुछ खास पकवान बनते हैं। नमकीन भी मीठे और चटपटे भी। इस बार कुछ ऐसे व्यंजनों की बात, जो होली के अलावा सामान्य दिनों में भी बनाए और खाए जा सकते हैं।

Dana Pani, Jansatta special Food Segment
कटहल लबाबदार (ऊपर) और पनीर पान वाला (नीचे)।

मानस मनोहर

कटहल लबाबदार
आजकल सब्जी की दुकानों पर छिला और कटा हुआ कटहल पैकेट में बंद मिल जाता है। कोशिश करें कि मैदानी भाग का कटहल लें, उसमें रेशे मोटे नहीं होते और खाने में स्वाद अच्छा रहता है। उबले हुए पानी में नमक डाल कर पांच से सात मिनट तक कटहल के टुकड़ों को रखें और फिर निकाल कर अच्छी तरह पानी सुखा लें। इस तरह कटहल अच्छी तरह साफ हो जाएगा।

कई लोग कटहल को कुकर में उबाल लेते हैं, मगर इस तरह कटहल की सब्जी का स्वाद अच्छा नहीं आ पाता, इसलिए आप उबालें नहीं, केवल धोने के मकसद से गरम पानी में रखें। अगर कटहल के टुकड़ों में बीज बड़े और सख्त हैं, तो उन्हें अंगूठे से दबा कर बाहर निकाल लें और अलग रख दें। कोशिश करनी चाहिए कि बड़े और सख्त बीज वाले कटहल न लें।

अब इसके मसालों की तैयारी कर लें। इसका मसाला कई तरह से तैयार किया जाता है। मगर शहरी पारंपरिक तरीका प्याज-टमाटर वाला ही ठीक है।
अगर ढाई सौ ग्राम कटहल लिया है, तो इसका मसाला बनाने के लिए दो मध्यम आकार के प्याज और दो टमाटर पर्याप्त होंगे। इसके अलावा सात-आठ लहसुन की कलियां, दो-तीन इंच अदरक का टुकड़ा भी ले लें। अगर तीखा पसंद करते हैं, तो तड़के में डालने के लिए एक हरी मिर्च भी दो टुकड़ों में काट कर रख लें।

एक कड़ाही में चार-पांच खाने के चम्मच बराबर या एक कलछी सरसों का गरम करें। तेल गरम हो जाए तो आंच मध्यम कर दें और उसमें सबसे पहले कटहल के टुकड़ों को डाल कर पांच मिनट तक चलाते हुए तल लें। कटहल का रंग बादामी होने लगे, तो उन्हें कड़ाही से बाहर निकाल कर एक अलग कटोरे में रखें, थोड़ा ठंडा होने दें। कड़ाही के बचे हुए तेल में एक तेजपत्ता, दो लौंग, चार-पांच साबुत काली मिर्चें, चौथाई चम्मच जीरा, एक बड़ी इलाइची का तड़का दें और उसमें मोटा-मोटा कटा हुआ प्याज, लहसुन की कलियां, अदरक और टमाटर डाल कर चलाएं और चौथाई चम्मच नमक, हल्दी डाल कर ढक्कन लगा कर पांच से सात मिनट तक पकने के लिए छोड़ दें।

अब तले हुए कटहल में आधा चम्मच कुटी लाल मिर्च, आधा चम्मच गरम मसाला, आधा चम्मच धनिया पाउडर और चौथाई चम्मच नमक डालें। दो से तीन चम्मच फेंटा हुआ दही डालें और अच्छी तरह मिलाएं, ताकि सारे मसाले कटहल पर अच्छी तरह चिपक जाएं। इसे ढंक कर पंद्रह मिनट के लिए रख दें। टमाटर और प्याज अब तक पक कर नरम हो चुके होंगे। आंच बंद कर दें। थोड़ी देर ठंडा होने दें फिर मिक्सर में डाल कर पेस्ट बना लें।

अब उसी कड़ाही में पिसे हुए पेस्ट को डाल कर धीमी आंच पर चलाते हुए पकाएं। इसमें चौथाई चम्मच गरम मसाला और डालें और जब पानी अच्छी तरह सूख जाए तो उसमें कटहल के टुकड़े डालें और चलाते हुए अच्छी तरह मिला लें। जब दही का मिश्रण भी सूखने लगे, तो उसमें थोड़ा-थोड़ा करके गरम पानी डालें और सब्जी को जितना गाढ़ा रखना चाहते हैं, उतना रखें। कड़ाही पर ढक्कन लगा दें और पांच मिनट तक मध्यम आंच पर पकने दें। कटहल लबाबदार तैयार है। इसके ऊपर हरा धनिया, हरी मिर्च और अदरक का लच्छा डाल कर सजाएं और गरमा-गरम परोसें।

पनीर पान वाला
पनीर के साथ पान का स्वाद अलग आनंद देता है। तो इस बार इस ढंग से भी बना कर खाएं। पनीर पान वाला बनाने के लिए बहुत अधिक सामग्री की आवश्यकता नहीं होती, पर थोड़ी मशक्कत जरूर करनी पड़ती है। दो सौ ग्राम पनीर ले रहे हैं, तो उसके साथ दो सौ ग्राम के बराबर ही दूध की जरूरत पड़ेगी। इसके अलावा सफेद गोल मिर्च कुटी हुई और एक चम्मच शहद लेना होगा। हां, मुख्य सामग्री, पान के पत्ते तो जरूरी हैं। इसमें डालने के लिए दो हरे पान के पत्ते ले लें।

सबसे पहले पनीर को मनचाहे टुकड़ों में काटें और उबले हुए गरम पानी में थोड़ा-सा नमक डाल कर रख दें। पांच मिनट रखने से पनीर के टुकड़े नरम और मुलायम हो जाएंगे, पकाते समय टूटेंगे नहीं। अब एक पैन में दूध गरम करें। उबाल आ जाए, तो उसमें पान के पत्ते डाल कर ढंक दें और दूध को ठंडा होने दें। ठंडा होने के बाद इसे मिक्सर में डाल कर पीस और फिर छान लें।

कड़ाही में एक चम्मच देसी घी गरम करें, उसमें चुटकी भर जीरा, सौंफ और चार-छह काली मिर्चें डाल कर तड़का लगा लें। फिर पानी से निकाल कर पनीर के टुकड़े डालें, दो मिनट चलाएं और फिर धीरे-धीरे करके दूध और पान का मिश्रण डालें। चलाते हुए पकाएं, ताकि दूध पक कर गाढ़ा हो जाए। अब इसमें जरूरत भर का नमक और छह-सात सफेद गोल मिर्च कूट कर डालें।

अगर सफेद गोल मिर्च नहीं है, तो काली मिर्च का भी उपयोग कर सकते हैं। सब्जी को चलाते रहें। जब दूध गाढ़ा हो जाए, तो उसमें शहद डालें और अच्छी तरह मिला कर आंच बंद कर दें। कड़ाही पर ढक्कन लगा कर छोड़ दें। पनीर पान वाला तैयार है।

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