ताज़ा खबर
 

रंगों का सही इस्तेमाल

सर्दी का मौसम जाते ही, हल्के रंग के कपड़ों का चलन शुरू हो जाता है। जिन इलाकों में गरमी ज्यादा पड़ती है, वहां ज्यादातर लोग सफेद कपड़े पहनना पसंद करते हैं। दफ्तर जाने वाले लोगों, कामकाजी महिलाओं के लिए कई बार रंगों का चुनाव करने में मुश्किल आती है। कई लोग महज फैशन के चलन की नकल पर ऐसे रंगों का चुनाव कर लेते हैं, जो उनके व्यक्तित्व से मेल नहीं खाते। रंगों का चुनाव हमेशा अपने व्यक्तित्व के हिसाब से करना चाहिए। रंगों के साथ-साथ कपड़ों का चुनाव भी मौसम और इलाके को ध्यान में रख कर किया जाना चाहिए। इस मौसम में अपने कपड़ों और उनके रंगों का चुनाव कैसे करें, बता रही हैं वंदना सिंह।

Author Published on: March 17, 2019 2:33 AM
प्रतीकात्मक फोटो (फाइल)

वंदना सिंह

संवारता है व्यक्तित्व
फागुन के महीने में रंगों का जिक्र न हो, ऐसा हो नहीं सकता। सदियों से कवियों और शायरों ने अपनी कृतियों में होली और रंगों पर खूब लिखा है। इस समय कुदरत अपनी खूबसूरती के चरम पर होती है। खेतों में पीली सरसों बरबस ही सबका मन मोह लेती है। फागुन में लोग होली की तैयारियों में जुट जाते हैं, जहां होली खेलने के लिए सफेद रंग के कपड़ों का प्रयोग होता है, वहीं होली मिलन समारोह के लिए हल्के रंगों के डिजाइनर कपड़ों की मांग बढ़ जाती है। मुंबई की फैशन डिजाइनर नेहा चतुर्वेदी कहती हैं- ‘अब होली, दिवाली, गणेश पूजन, ईद, क्रिसमस सभी त्योहारों में लोगों में कपड़ों और रंगों के प्रति काफी सजगता आई है। बात भी सही है। रंगों का सही चुनाव, आपके व्यक्तित्व में चार चांद लगा सकता है। आपकी त्वचा का रंग आपके क्षेत्र का मौसम, इसके अलावा आपका प्रोफेशन और आपकी रुचि और व्यक्तित्व की भी बहुत अहम भूमिका होती है, रंगों के चुनाव को लेकर।’
आइए जानते हैं कि अलग-अलग रंग के कपड़ों का सही चुनाव करके आप अपने व्यक्तित्व को कैसे निखार सकते हैं।

शालीनता और सौम्यता का प्रतीक है सफेद रंग
सफेद रंग को सभी रंगों में सबसे खास माना जाता है। सफेद रंग आपके व्यक्तित्व को निखारता तो है ही, आपकी विचारधारा को भी प्रभावित करता है। सफेद रंग हमारे मन को शांत करता है और जब हमारा मन शांत होता है, तो हमारे कार्यों पर इसका असर दिखता है। सफेद रंग उच्चता और श्रेष्ठता का प्रतीक है। सफेद रंग वही व्यक्ति धारण करता है, जो आत्मविश्वास से भरा हो, किसी भी तरह का खास मौका मसलन इंटरव्यू, कॉरपोरेट मीटिंग, आॅफिस का पहला दिन, फॉर्मल कपड़ों की बात करें तो हममें से सभी की आलमारी में सफेद परिधानों का अच्छा संग्रह देखा जाता है। सफेद रंग के लिबास बच्चों से लेकर बूढ़ों तक सभी पर फबते हैं। आपकी त्वचा का रंग कोई भी हो श्वेत रंग आपकी आभा को और बढ़ाते हैं। अगर आप सफेद कपड़ों को संभालने की क्षमता रखते हैं तो बिना किसी संकोच के इन्हें धारण कीजिए, क्योंकि इनका रख-रखाव थोड़ा मुश्किल होता है। खासकर नेता, अभिनेता, डॉक्टर सफेद रंग का उपयोग अधिक करते हैं। कारण साफ है कि यह आपमें नेतृत्व करने की क्षमता, शालीनता का गुण और सच्चाई को दर्शाता है।

उत्साह और जोश का रंग हैं लाल, गुलाबी और नारंगी
पुरानी कहावत है ‘बुड्ढी घोड़ी, लाल लगाम’। अगर आपकी उम्र पचास साल या उससे ज्यादा हो चुकी है, तो आपको चटकीले रंगों से परहेज करना चाहिए, क्योंकि बड़प्पन की अपनी एक गरिमा होती है। पर अगर हम युवाओं की बात करें, जिनकी उम्र पंद्रह से लेकर पचास के बीच की है, तो उनके लिए लाल, गुलाबी और नारंगी रंग के वस्त्रों का इस्तेमाल बड़ी सहजता से किया जा सकता है। ये रंग काम करने के जोश और उत्साह को बढ़ाते हैं। ये आपके अंदर की गर्मजोशी को प्रदर्शित करते हैं। आजकल बाजारों में कपड़ों के रंगों को लेकर काफी सार्थक प्रयोग हो रहे हैं, मसलन बेबी पिंक, हल्का नारंगी या गेरुआ (भगवा रंग), लाल रंग के कई शेड्स उपलब्ध हैं। इन्हें आप अपनी त्वचा के हिसाब से चुन सकते हैं।
इन रंगों का चयन करने से पहले मौसम का ध्यान रखना भी जरूरी है। जिन लोगों को गर्मी ज्यादा लगती है या उनका फील्ड जॉब है, तो उन्हें हल्के रंगों का प्रयोग करना चाहिए। साथ ही फैब्रिक का खासा फर्क पड़ता है। गर्मी में खासकर सूती चिकन और खादी ही शरीर को आराम देते हैं, जबकि सिल्क, टेराकोट, पॉलिएस्टर वगैरह से बचना चाहिए। इनके स्थान पर शिफॉन, जार्जेट और नेट को अपनाया जा सकता है।

ये रंग हैं कुछ हट कर
प्रकृति ने जैसे हमें रंगों का अद्भुत खजाना दिया है, ठीक उसी प्रकार हम मनुष्यों को भी अपनी एक अलग पहचान दी हैं। यों तो हम सब एक जैसे हैं, पर अपनी कद-काठी, बोली, शौक आदि से बहुत भिन्न हैं, इसलिए इन बेजोड़ रंगों का प्रयोग करने के लिए हमें अपने व्यक्तित्व का ध्यान रखना चाहिए। हरा रंग ऊर्जा का प्रतीक है। कामकाज की जगहों के लिए हरे रंग का खूब प्रयोग करें। नीला, फिरोजी और बैंगनी कैमरा फ्रेंडली रंग हैं। ये आपकी आंखों को तो अच्छे लगते ही हैं, साथ ही आपकी शख्सियत को चार चांद भी लगाते हैं। इन रंगों के भी बहुत सारे शेड्स आपको मिलेंगे। इनको आजमाने से पहले आपको अपनी त्वचा का रंग ध्यान में रखना चाहिए। अगर त्वचा का रंग गहरा है, तो आपको इन रंगों के गहरे शेड्स नहीं लेने चाहिए, बल्कि समुद्री हरा, हल्का आसमानी, परपल जैसे हल्के शेड्स लेने चाहिए।

सात्विकता का प्रतीक है पीला रंग
पीले रंग की तो बात ही निराली है। पीले रंग के बहुत सारे शेड्स हैं, जो कि सभी लुभावने हैं फिर चाहे वो लेमन येलो हो, मस्टर्ड येलो हो, हल्का पीला हो, पोस्ट कार्ड येलो हो। पीले रंग की एक खास बात और है कि यह सभी आयु वर्ग के लोगों की पहली पसंद होता है। यह सात्विकता और ओज का रंग है। यह आपके मन को प्रफुल्लित रखता है।

काला है सदा के लिए
यह सौ फीसद सच है कि काले रंग का इस्तेमाल सबसे ज्यादा होता है। यह एक ऐसा रंग है, जो सब रंगों के साथ मेल खा जाता है। जहां काले रंग की पैंट्स आप किसी भी रंग की शर्ट या कुर्ती के साथ मैच कर सकते हैं, वहीं काले रंग के ब्लाउज के साथ किसी भी रंग की साड़ी मैच कर सकते हैं, जबकि अन्य रंगों के साथ ऐसा संभव नहीं है। काले रंग की एक अलग ही शान होती है। इस रंग में एक चुंबकीय आकर्षण होता है, तभी तो आपने देखा होगा शाहरुख खान, अमिताभ बच्चन जैसे बड़े स्टार और नेता भी काले रंग के शानदार सूट में खास आयोजनों में देखे जाते हैं।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

Next Stories
1 सेहत: दांतों में झनझनाहट
2 दाना-पानी: होली के पकवान
3 शख्सियत: कल्पना चावला