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हनुमान जी की पूजा के ये हैं नियम, जानिए पूजन के समय कौन से काम नहीं करने चाहिए

सामान्य तौर पर हनुमान जी को प्रसन्न करने के लिए चोला चढ़ाया जाता है। साथ ही हनुमान जी की कृपा पाने के लिए मंगलवार और शनिवार बहुत अच्छे दिन माने जाते हैं।

Author नई दिल्ली | May 14, 2019 2:29 PM
हनुमान जी।

भगवान शिव के एकादश रुद्रावतारों में से ही एक हैं हनुमान जी और इनका जन्म वैशाख पूर्णिमा को माना जाता है। इसी दिन हनुमान जयंती भी मनाई जाती है। सामान्य तौर पर हनुमान जी को प्रसन्न करने के लिए चोला चढ़ाया जाता है। साथ ही हनुमान जी की कृपा पाने के लिए मंगलवार और शनिवार बहुत अच्छे दिन माने जाते हैं। इसके अलावा शनि की साढ़ेसाती, ढैया आदि से निजात पाने के लिए शनिवार के दिन चोला चढ़ाना बेहद शुभ माना जाता है। कहते हैं कि हनुमान जी की पूजा सबसे जल्दी मनोकामनाओं को पूर्ण करने वाली मानी जाती है। परंतु क्या आप जानते हैं कि हनुमान जी पूजा के नियम क्या हैं और इनकी पूजा के दौरान कौन से काम नहीं करने चाहिए? यदि नहीं! तो आगे इसे जानते हैं।

हिन्दू धर्म के अनुसार मंगलवार के दिन हनुमान जी की पूजा की जाती है। हनुमान जी यानि बल, बुद्धि और कौशल के दाता, भगवान श्रीराम के परम भक्त और भगवान शिव के रुद्रावतार हनुमान जी को सदा से साहस और वीरता का देव माना जाता है। वैसे तो हनुमान जी की पूजा हर दिन पूजा करनी चाहिए। परंतु मंगलवार और शनिवार के दिन इनकी पूजा विशेष लाभकारी मानी गई है। ऐसे में यदि संभव हो तो सके तो जातक को 21 मंगलवार का व्रत करना चाहिए।

भगवान हनुमान की विधिवत पूजन के लिए सुबह स्नान के बाद हनुमान जी की मूर्ति या प्रतिमा को गंगाजल से पवित्र करना चाहिए। पूजा के लिए लाल रंग के फूल और घी या तिल-तेल के दीपक को उपयोग में लाना चाहिए। अब हनुमान जी के सामने दीपक जलाने के बाद आरती, हनुमान चालीसा या बजरंगबाण का पाठ करना चाहिए। पाठ के बाद भगवान को भोग लगाना चाहिए। साथ ही मंगालवार के दिन हनुमान जी को विशेष रूप से सिंदूर और लाल रंग के मिठाई अवश्य चढ़ाने चाहिए। वास्तु शास्त्र के अनुसार भगवान शिव के रुद्रावतार माने जाने वाले हनुमान जी की प्रतिमा ऐसे लगानी चाहिए कि उनका मुख दक्षिण दिशा की ओर हो।

शास्त्रों के अनुसार हनुमान जी बाल ब्रह्मचारी हैं इसलिए इनकी तस्वीर या प्रतिमा युगल दम्पतियों के कमरे में नहीं लगानी चाहिए। ॐ ॐ हं हनुमते नमः, ॐ हं हनुमते रुद्रात्मकाय हुं फट्, ॐ पवन पुत्राय नमः, ॐ रामदूताय नमः आदि कुछ हनुमान जी के आसान मंत्र हैं। इनमें से किसी एक मंत्र का मंगलवार के दिन 108 बार पाठ करना चाहिए। हनुमान चालीसा का अगर पूरा पाठ नहीं कर सकें तो इसकी एक भी चौपाई का पाठ हनुमान जी की कृपा पाने का सबसे आसान और प्रभावी उपाय माना गया है। कहते हैं लगातार 108 दिनों तक हनुमान चालीसा का पाठ करने से कई परेशानियों का अंत हो जाता है। इस तरह हनुमान जी की उपासना जीवन के सभी कष्टों से मुक्ति दिला सकता है।

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