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Kamika Ekadashi 2018 Puja Vidhi, Importance: क्या है कामिका एकादशी और इसका महत्व, जानिए

Kamika Ekadashi 2018 Puja Vidhi, Vrat Katha in Hindi: ग्रंथों में ऐसा वर्णन भी आता है कि एक बार कामिका एकादशी के महत्व के बारे में खुद भगवान कृष्ण ने युधिष्ठिर को बताया था।

Author नई दिल्ली | August 6, 2018 8:27 PM
सावन महीने के कृष्ण पक्ष में आने वाली एकादशी को कामिका एकादशी कहा जाता है।

Kamika Ekadashi 2018 Puja Vidhi, Vrat Katha, Puja Shubh Muhurat in Hindi: हिंदू धर्म में एकादशी का विशेष महत्व है। एकादशी को पुण्य कार्यों और भगवान की भक्ति के लिए बड़ा ही शुभ दिन माना गया है। मालूम हो कि एक साल में 24 एकादशियां होती हैं लेकिन मलमास या अधिकमास होने पर इनकी संख्या 26 हो जाती है। कहते हैं कि एकादशी के दिन देवी-देवताओं की आराधना करने पर विशेष फल की प्राप्ति होती है। इन सभी एकादशियों में कामिका एकादशी को बहुत ही खास बताया गया है। सावन महीने के कृष्ण पक्ष में आने वाली एकादशी को कामिका एकादशी कहा जाता है। इस साल कामिका एकादशी 7 अगस्त(मंगलवार) को पड़ रही है। कामिका एकादशी पर भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना की जाती है। कहते हैं कि इस दिन की आराधना से विष्णु जी बड़ी जल्दी प्रसन्न हो जाते हैं और अपने भक्त के कष्टों को दूर करते हैं।

ऐसी मान्यता है कि कामिका एकादशी पर विष्णु जी की पूजा से व्यक्ति को उसके पापों से छुटकारा मिलता है। कहते हैं कि पाप कर्मों से मुक्ति मिलने के बाद व्यक्ति धर्म के कार्यों में लग जाता है। शास्त्रों के अनुसार भगवान विष्णु के आराध्य भगवान शिव हैं और भगवान शिव के आराध्य भगवान विष्णु हैं। ऐसे में सावन के महीने में एकादशी का आना एक बहेद खास संयोग है। माना गया है कि सावन में भगवान नारायण का पूजन करने से देवता, गंधर्व और सूर्य आदि सब पूजित हो जाते हैं। और भक्त पर उनकी कृपा बरसती है।

ग्रंथों में ऐसा वर्णन भी आता है कि एक बार कामिका एकादशी के महत्व के बारे में खुद भगवान कृष्ण ने युधिष्ठिर को बताया था। कृष्ण जी ने कहा था कि इस एकादशी का व्रत रखने वालों को अश्वमेध यज्ञ करने के बराबर फल की प्राप्ति होती है। कहते हैं कि पाप कर्मों से मुक्ति पाने का इससे कोई आसान उपाय नहीं हो सकता है। इसलिए प्रत्येक मनुष्य को कामिका एकादशी पर भगवान नारायण का पूजा करनी चाहिए।

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