ताज़ा खबर
 

गणपति बप्पा मोरया: प्रतिबंधों के बीच महाराष्ट्र में गणेश चतुर्थी उत्सव शुरू, जुलूस निकालने की मनाही

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी अपने सरकारी आवास ‘वर्षा’ में भगवान गणेश का स्वागत किया। कुछ सेलिब्रिटीज व राजनेताओं ने भी अपने-अपने घरों में भगवान गणेश की प्रतिमा की स्थापना की। भगवान की प्राण प्रतिष्ठा शनिवार सुबह परंपरागत तरीके से की गई। इस बीच उत्सव को देखते हुए शहर में सुरक्षा व्यवस्था और पुख्ता कर दी गई है।

Author Edited By Sanjay Dubey मुंबई | Updated: August 23, 2020 6:37 AM
ganesh chaturthi 2020, ganesh chaturthi 2020 date in india, ganesh chaturthi 2020 date in mumbaiGanesh Chaturthi 2020 Date: संकटहर्ता गणेश का ये त्योहार हर साल पूरे देश में धूमधाम से मनाया जाता है। हर जगह खुशी का माहौल होता है

कोरोना महामारी और लोगों के आवागमन पर जारी प्रतिबंधों के बीच मुंबई व महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में शनिवार को दस दिवसीय गणेश चतुर्थी उत्सव की शुरुआत हुई, हालांकि इस साल इस त्योहार में पारंपरिक धूमधाम का अभाव है।

महाराष्ट्र सरकार ने गणेशोत्सव के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किया है और कहा है कि भगवान गणेश की प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा और इसके विसर्जन से पहले किसी प्रकार का जुलूस नहीं निकाला जाना चाहिए। दिशा-निर्देश में कहा गया है कि इस साल सार्वजनिक पंडालों में और घरों में आयोजित होने वाली इस पूजा में भगवान गणेश की प्रतिमा की ऊंचाई को सीमित कर दिया गया है।

पंडालों के लिए प्रतिमा की ऊंचाई अधिकतम चार फुट और घरों पर स्थापना के लिए अधिकतम दो फुट होनी चाहिए। इसके परिणाम स्वरूप घरों में, हाउसिंग सोसाइटियों में और सार्वजनिक पंडालों में गणपति की प्राण प्रतिष्ठा के लिए प्रतिमा खरीदने वाले लोगों की संख्या सीमित रही। महामारी के कारण इस साल इस उत्सव को लेकर उत्साह अपेक्षाकृत कम है।

उत्सव को सीमित किए जाने के कारण छोटे कारोबारों पर इसका असर हुआ है। इनमें फूल विक्रेता, मिठाई की दुकान, सजावट के सामान की दुकानें, आभूषणों की दुकानें व ट्रांसपोर्टर आदि शामिल हैं। इस महामारी ने कई अन्य लोगों को भी प्रभावित किया है जिनमें कलाकार भी शामिल हैं। हालांकि, दादर जैसे कुछ लोकप्रिय बाजारों में पिछले दो दिन से बड़ी तादाद में लोग आए और उन्होंने सजावट और पूजा आदि के लिए जरूरी सामानों की खरीदारी की।

मुंबई में लोकप्रिय सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडल- लालबागचा राजा- ने इस साल महामारी को देखते हुए उत्सव को रद्द कर दिया है, जबकि वडाला की जीएसबी सेवा समिति ने पूजा को अगले साल फरवरी में ‘मेघ शुद्ध चतुर्थी’ तक के लिए टाल दिया है। जीएसवी सेवा समिति को मुंबई की सबसे धनी समितियों में गिना जाता है। इस साल महामारी के कारण पंडाल की सजावट हर बार की तरह देखने को नहीं मिल रही है और सांस्कृतिक कार्यक्रम की जगह जन जागरूकता कार्यक्रम और स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है।

मुंबई व पास-पड़ोस के क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश हो रही है। शनिवार की सुबह को भी बारिश जारी रही, लेकिन लोग ‘गणपति बाप्पा मोरया’ के जयघोष के बीच गणपति की प्रतिमा लेने के लिए बाहर निकले। कुछ इलाकों में भगवान का स्वागत करने के लिए आतिशबाजी चलाई गई।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी अपने सरकारी आवास ‘वर्षा’ में भगवान गणेश का स्वागत किया। कुछ सेलिब्रिटीज व राजनेताओं ने भी अपने-अपने घरों में भगवान गणेश की प्रतिमा की स्थापना की। भगवान की प्राण प्रतिष्ठा शनिवार सुबह परंपरागत तरीके से की गई। इस बीच उत्सव को देखते हुए शहर में सुरक्षा व्यवस्था और पुख्ता कर दी गई है। स्थानीय पुलिस के अलावा त्वरित कार्य बल की एक कंपनी, एसआरपीएफ की तीन कंपनी, स्थानीय सशस्त्र बल और दंगा नियंत्रण पुलिस की तैनाती की गई है।

पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए त्वरित आपदा बल, बम निरोधक दस्ता और आतंकवाद निरोधक प्रकोष्ठ को भी अलर्ट पर रखा गया है। उन्होंने कहा कि पांच हजार सीसीटीवी कैमरों एवं ड्रोन की सहायता से पुलिस टीम घटनाओं की निगरानी करेगी। गणेश चतुर्थी के उत्सव को विनायक चतुर्थी भी कहा जाता है। यह उत्सव भगवान गणेश के जन्म के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 गणपति को इन दस दिनों में लगाएं इन 10 चीजों का भोग, जानिये क्या है मान्यता
2 गणेश चतुर्थी पर कैसे करें बप्पा को प्रसन्न, जानिये क्या कहता है गणपति तंत्र
3 राधा अष्टमी के दिन कैसे करें पूजा, जानिये शुभ मुहूर्त और मंत्र
ये पढ़ा क्या?
X