होली के त्योहार पर घर जाने वाले यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम ने विशेष बस सेवा चलाने का निर्णय लिया है। निगम की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के मुताबिक, यह विशेष संचालन 28 फरवरी से नौ मार्च तक प्रभावी रहेगा। इस दौरान नोएडा और ग्रेटर नोएडा डिपो से प्रदेश के विभिन्न जनपदों के लिए 300 से अधिक अतिरिक्त बसें चलाई जाएंगी।

निगम अधिकारियों के अनुसार, नोएडा डिपो की लगभग 40 फीसद बसों को गाजियाबाद स्थित कौशांबी बस अड्डा के रास्ते संचालित किया जाएगा, ताकि नोएडा और गाजियाबाद दोनों क्षेत्रों के यात्रियों को सुविधा मिल सके। नोएडा डिपो के 188 बसों के मौजूदा बेड़े के साथ अतिरिक्त अनुबंधित बसों को भी सेवा में लगाया जाएगा। विशेष रूप से कौशांबी बस अड्डे से संचालित बसों की संख्या 35 से बढ़ाकर 75 तक की जा रही है, जिससे पूर्वांचल और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के यात्रियों को समय पर बस उपलब्ध हो सके। इसके अलावा नोएडा-ग्रेटर नोएडा से चलने वाली बसों के फेरे भी बढ़ाए जाएंगे। जिससे यात्रियों को बसों की कमी ना हो पाए। आगरा, मेरठ, बुलंदशहर, लखनऊ, कानपुर, अलीगढ़, मथुरा समेत इन मार्गों पर बसों के फेरे बढ़ाए जाने पर विचार किया गया है।

वहीं गाजियाबाद का कौशांबी और आनंद विहार क्षेत्र होली के दौरान सबसे व्यस्त रहता है, इसे ध्यान में रखते हुए परिवहन विभाग ने यहां 24 घंटे बसों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उत्तर प्रदेश के परिवहन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह ने स्पष्ट किया है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश और दिल्ली से सटे इलाकों में यात्रियों का दबाव सबसे अधिक रहता है, इसलिए इन क्षेत्रों में बसों और कर्मचारियों की तैनाती प्राथमिकता के आधार पर की गई है। यदि किसी रूट पर प्रारंभिक स्टेशन से 60 फीसद से अधिक की बुकिंग प्राप्त होती है, तो वहां तत्काल अतिरिक्त फेरों की व्यवस्था की जाएगी।

यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए सभी बसों के फिटनेस, खिड़कियों के शीशे और अग्निशमन सुरक्षा उपकरणों की जांच के कड़े आदेश दिए गए हैं। यात्रियों की सुविधा के साथ-साथ परिवहन निगम ने अपने कर्मचारियों के लिए भी प्रोत्साहन योजना की घोषणा की है। त्योहार के इन 11 दिनों के दौरान बिना छुट्टी लिए ड्यूटी करने वाले चालकों और परिचालकों को 3,600 से 4,500 रुपए तक की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। अवकाश पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है ताकि बसों का संचालन निर्बाध रूप से चलता रहे।

राजधानी दिल्ली भी ट्रांसपोर्ट को मजबूत करने के लिए कई कदम उठा रही है। डबल डैकर बसों की भी वापसी हुई है, पूरी खबर के लिए यहां क्लिक करें