‘सियासत पंजाब दी’ में आज बात करेंगे कांग्रेस में चल रही गुटबाजी के बीच प्रताप सिंह बाजवा और पंजाब कांग्रेस के अन्य विधायकों ने राहुल गांधी से मिलने का समय क्यों मांगा है।
इसके अलावा जानेंगे आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर पंजाब बीजेपी चीफ केवल सिंह ढिल्लों ने क्या कहा और अकाली दल के किस पूर्व विधायक ने थामा बीजेपी का दामन। साथ ही आपको यह भी बताएंंगे क्यों अमृतपाल की पार्टी ने इंदिरा गांधी के हत्यारे के बेटे को दिया पंजाब विधानसभा चुनाव का पहला टिकट?
पंजाब में सभी सीटों पर चुनाव लड़ेगी बीजेपी
पंजाब बीजेपी चीफ केवल सिंह ढिल्लों ने मंगलवार को चंडीगढ़ में ऐलान किया कि उनकी पार्टी राज्य की सभी 117 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ेगी। उनका यह बयान हाल में पीएम नरेंद्र मोदी से शिरोमणि अकाली दल के सुखबीर बादल की मीटिंग को देखते हुए अहम माना जा रहा है। इसी मीटिंग के बाद से ही कयास लगाए जा रहे हैं कि बीजेपी और अकाली दल पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए गठबंधन कर सकते हैं। पढ़िए पंजाब में बीजेपी-अकाली दल का गठबंधन होने में क्या अड़चन है?
चन्नी-वड़िंग की गुटबाजी के बीच राहुल से क्यों मिलना चाहते हैं बाजवा?
पंजाब कांग्रेस में पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी और वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के बीच जमकर गुटबाजी चल रही है। इस गुटबाजी के बीच पंजाब कांग्रेस के सीनियर नेता प्रताप सिंह बाजवा ने कांग्रेस विधायकों संग मीटिंग की है। पता चला है कि इस मीटिंग के बाद कांग्रेस विधायकों ने राहुल गांधी को मिलने के लिए पत्र लिखा है लेकिन संसद के मानसून सत्र की वजह से पार्टी आलाकमान की तरफ से कोई जवाब नहीं आया है।
कांग्रेस विधायकों द्वारा राहुल गांधी को पत्र में क्या लिखा गया है, यह अभी स्पष्ट नहीं है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कांग्रेस विधायक राहुल गांधी से पंजाब कांग्रेस के मौजूदा हालात पर बात करना चाहत हैं। यह भी पता चला है कि प्रताप सिंह बाजवा दिल्ली पहुंच चुके हैं। वहीं दूसरी तरफ वड़िंग गुट का कहना है कि ऐसा मीटिंग से कुछ नहीं होने वाला क्योंकि आलाकमान पहले ही अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग पर भरोसा जता चुका है।
अकाली दल के पूर्व विधायक बीजेपी में हुए शामिल
मंगलवार को अकाली दल के पूर्व विधायक दर्शन सिंह कोटफट्टा बीजेपी में शामिल हो गए। दर्शन सिंह कोटफट्टा को पंजाब बीजेपी चीफ केवल सिंह ढिल्लों ने पार्टी में की सदस्यता दिलवाई। इस दौरान भटिंडा से बीजेपी के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ चुकी परमपाल कौर भी मौजूद थीं।
अमृतपाल की पार्टी ने इंदिरा गांधी के हत्यारे के बेटे को टिकट क्यों दिया?
अकाली दल (वारिस पंजाब दे) ने इंदिरा गांधी हत्याकांड के दोषी केहर सिंह के बेटे सतवंत सिंह को बस्सी पठाना सीट से उम्मीदवार बनाया है। सतवंत सिंह पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के दोषी केहर सिंह के बेटे हैं।
सतवंत सिंह की उम्मीदवारी का ऐलान अमृतपाल सिंह के पिता तरसेम सिंह ने किया। तरसेम सिंह ने कहा कि अकाली दल वारिस पंजाब दे की राजनीति सिर्फ सत्ता हासिल करने तक नहीं है बल्कि यह पार्टी पंजाब के हक, पंथक सिद्धांतों और सिख समुदाय के लिए बलिदान देने वाले परिवारों को सम्मान देने के लिए काम करेगी। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।
जगतार सिंह हवारा की पैरोल के लिए राज्यपाल से मिले भगवंत मान
पंजाब के सीएम भगवंत मान ने बुधवार को राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात की। उन्होंने मीडिया को बताया कि उन्होंने मीडिया को बताया कि पंजाब सरकार ने 31 साल बाद मानवीय आधार पर जगतार सिंह हवारा को पैरोल देने की सिफारिश की थी, ताकि उन्हें उनकी मां से मिलाया जा सके। इसी सिलसिले में वे राज्यपाल से मिलने आए थे। भगवंत मान ने कहा, “उन्हें कुछ आदेश देने हैं जिन पर आगे गृह मंत्रालय को फैसला करना है। केंद्र सरकार तय करेगी कि उन्हें कितने दिनों की पैरोल मिलेगी।”
पंजाब के मुख्यमंत्री ने बताया कि जगतार सिंह हवारा की मां के बारे में उन्हें जो पता चला है, उसके मुताबिक वे अर्ध-चेतन अवस्था में हैं। जब उनके कानों में जगतार सिंह हवारा का नाम लिया जाता है, तो वे प्रतिक्रिया देती हैं। भगवंत मान ने बताया कि जिन संगठनों या समूहों ने जगतार सिंह हवारा के साथ काम किया है, उन्होंने भी पंजाब सरकार को यह भरोसा दिलाया है कि पैरोल मिलने के बाद कानून-व्यवस्था की कोई समस्या नहीं होगी। उन्होंने कहा, “मुझे उम्मीद है कि शांति और सद्भाव बना रहेगा और मानवता के आधार पर एक बहुत बड़ा फैसला लिया जाएगा…”
