पंजाब की भगवंत मान सरकार ने जैसे ही आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा से सुरक्षा वापस ली तो केंद्र ने उन्हें जेड कैटेगरी की सुरक्षा दे दी। हाल ही में आम आदमी पार्टी ने राघव चड्ढा को राज्यसभा में उप नेता के पद से हटा दिया था। इसके बाद चड्ढा ने वीडियो जारी कर आम आदमी पार्टी की आलोचना की थी जबकि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान, दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी, सांसद संजय सिंह ने राघव चड्ढा पर हमला बोल दिया था।

चड्ढा को जेड कैटेगरी की सुरक्षा दिए जाने को लेकर आम आदमी पार्टी के भीतर से भी रिएक्शन आया है। दिल्ली में आम आदमी पार्टी के संयोजक सौरभ भारद्वाज ने कहा है कि राघव चड्ढा को ईडी से धमकी मिली और उन्होंने उस पार्टी को धोखा दे दिया जिसने उन्हें सांसद बनाया।

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि ईडी राघव चड्ढा पर कार्रवाई करने के बजाय अशोक मित्तल के पीछे पड़ी है और उनके घर और दफ्तर में छापे मार रही है।

आम आदमी पार्टी की प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ ने दावा किया है कि राघव चड्ढा बीजेपी के संपर्क में थे और उन्हें सुरक्षा मिलना एक तरह की सौदेबाजी है।

टाइमिंग को लेकर खड़े हो रहे सवाल

पंजाब सरकार ने अभी तक कोई बयान नहीं दिया है कि उसने राघव चड्ढा से सुरक्षा क्यों वापस ली लेकिन इस फैसले की टाइमिंग को लेकर सवाल जरूर खड़े हो रहे हैं।

अब सवाल यह उठ रहा है कि राघव चड्ढा का अगला कदम क्या होगा? पिछले कुछ दिनों में बीजेपी के कई नेताओं ने चड्ढा का समर्थन किया है और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल की आलोचना की है। सवाल यह है कि क्या राघव चड्ढा बीजेपी में शामिल होंगे?

राघव चड्ढा ने अपने अगले कदम के बारे में अभी कोई संकेत नहीं दिया है लेकिन ऐसी चर्चा है कि वह अपनी राजनीतिक पार्टी लॉन्च कर सकते हैं। चड्ढा को सोशल मीडिया पर इस तरह के सुझाव मिले थे कि उन्हें जेन-जेड पार्टी बनानी चाहिए।

यह भी साफ है कि राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी के बीच दूरियां काफी बढ़ गई हैं। ऐसे में चड्ढा के अगले राजनीतिक कदम को लेकर चर्चाएं तेज हैं।

AAP सांसद अशोक मित्तल पर ED की कार्रवाई

पंजाब के जालंधर में आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल के घर सहित कई ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय ने छापेमारी की है। अशोक मित्तल को राघव चड्ढा की जगह राज्यसभा में आम आदमी पार्टी संसदीय दल का उपनेता बनाया गया है। यहां क्लिक कर पढ़ें पूरी खबर।