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भाजपा की साजिश सफल नहीं होने दूंगा : रावत

हरीश रावत ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि उनके पीछे केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार हाथ धोकर पड़ी हुई है।

Author देहरादून | Published on: April 24, 2016 5:19 AM
हरीश रावत।(फाइल फोटो)

उत्तराखंड में कांग्रेस और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर एक बार फिर से जोर पकड़ गया है। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने शनिवार को भाजपा और केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर जबरदस्त हमला बोला। रावत ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार और भाजपा उत्तराखंड के राजनीतिक वातावरण को जहरीला बना रहे हैं। वे आखिरी दम तक भाजपा की इस साजिश को सफल नहीं होने देंगे। अब असल लड़ाई जनता की अदालत में लड़ी जाएगी। हरीश रावत ने घोषणा की कि वे कांग्रेसजनों के साथ 25 अप्रैल को उत्तराखंड के दिग्गज नेता हेमवती नंदन बहुगुणा की जयंती के अवसर पर हरिद्वार के कनखल में स्थित दक्षेश्वर महादेव मंदिर से हरकी पैड़ी तक लोकतंत्र बचाओ पदयात्रा करेंगे। और अब वे भगवान भोलेनाथ और गंगा मइया के दरबार में जाकर न्याय मांगेंगे।

रावत देहरादून में पत्रकारों से बात कर रहे थे। रावत ने राज्यपाल को एक ज्ञापन भेजकर मांग की कि कांग्रेस और उसके समर्थक प्रगतिशील लोकतांत्रिक मोर्चे के विधायकों को धमकियां मिल रही हैं। इन सभी विधायकों की जान को खतरा बना हुआ है। उन्होंने राज्यपाल से कांग्रेस और प्रगतिशील लोकतांत्रिक मोर्चे के सभी विधायकों को सुरक्षा देने की मांग की है। रावत ने कहा कि भाजपा की नजर में न्याय मांगना और न्याय देना दोनों ही अपराध है।

रावत ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि उनके पीछे केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार हाथ धोकर पड़ी हुई है। भाजपा अपने आचरण से यह अहसास करा रही है कि वह केंद्र में सत्ता पर बैठी हुई है। रावत ने कहा कि केंद्र सरकार और भाजपा ने उत्तराखंड में कांग्रेस के खिलाफ अघोषित युद्ध सा छेड़ रखा है। केंद्र में सत्ता में बैठी भाजपा सत्ता का गलत फायदा उठा रही है।

वहीं दूसरी ओर भाजपा ने राज्यपाल को एक ज्ञापन देकर हरीश रावत पर धारा 356 का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया है। हाईकोर्ट के आदेश की कॉपी मिले बिना ही रावत ने झटपट मुख्यमंत्री की कुर्सी हथिया ली और कैबिनेट की बैठक कर फैसले लेने शुरू कर दिए। जैसे रावत को सूबे की जनता की बहुत चिंता हो।

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट ने कहा कि चार साल तक रावत जनहित के मुद्दों को लेकर सोते रहे। और अब गुंडागर्दी कर उन्होंने अवैधानिक रूप से मुख्यमंत्री की कुर्सी हथिया ली थी। उन्होंने कहा कि जब 18 मार्च को वित्त विधेयक गिर गया था। तो उसी दिन रावत सरकार गिर गई थी।

वहीं, कांग्रेस बागी विधायकों के नेता कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन ने हरीश रावत पर लोकतंत्र का मजाक उड़ाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जो मुख्यमंत्री 18 मार्च को ही विधानसभा में अल्पमत में आ गया, उसे सरकार में बने रहने का कोई अधिकार नहीं रह जाता। उन्होंने कहा कि हमें सुप्रीम कोर्ट से न्याय मिलेगा।

* दक्षेश्वर महादेव मंदिर से हरकी पैड़ी तक लोकतंत्र बचाओ पदयात्रा करेंगे
* रावत ने कहा, प्रगतिशील लोकतांत्रिक मोर्चे के विधायकों की जान खतरे में
*भाजपा ने कहा, रावत ने गुंडागर्दी व अवैधानिक रूप से मुख्यमंत्री की कुर्सी हथियाई

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