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मारे गए इंस्पेक्टर का तबादला चाहते थे बुलंदशहर के भाजपाई, बताया था धार्मिक कार्यों में बाधक

एक लेटर के जरिए इस बात का खुलासा हुआ है। खत बुलंदशहर सांसद को लिखा गया था। स्याना तहसील के भाजपा कार्यकर्ताओं ने इसमें आरोप लगाय था कि सुबोध सिंह धार्मिक कार्यों में बाधक बन रहे हैं।

हिंसा में शहीद हुए इंस्पेक्टर सुबोध सिंह (फोटो सोर्स : Indian Express)

बुलंदशहर में कथित गोकशी के बाद फैली हिंसा में शहीद हुए इंस्पेक्टर सुबोध सिंह को भाजपा के नेता हटवाना चाहते थे। हिंसा के तीन दिन बाद एक लेटर के जरिए इस बात का खुलासा हुआ है। भाजपा नेता सुबोध सिंह का तबादला कराना चाहते थे। एक खत तीन महीने पुराना है। जो 1 सिंतबर को बुलंदशहर के सांसद को लिखा गया था। स्याना तहसील के भाजपा कार्यकर्ताओं ने इसमें आरोप लगाय था कि सुबोध सिंह धार्मिक कार्यों में बाधक बन रहे हैं।

टीओआई में छपी खबर के मुताबिक, सांसद भोला सिंह को लिखे इस पत्र में बीजेपी के बुलंदशहर महासचिव संजय श्रोतिया ने हस्ताक्षर भी किए हैं। जो इस बात की तरफ इशारा करता है कि भाजपा नेताओं की तरफ से इंस्पेक्टर सुबोध सिंह के तबादले का प्रयास किया गया। तीन महीने पहले हाथ से लिखे गए इस खत पर स्थानीय ब्लॉक प्रमुख प्रमेंद्र यादव के भी हस्ताक्षर हैं।

बता दें कि, बीते दिन गुरुवार (6 दिसंबर) को बुलंदशहर हिंसा में शहीद हुए पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह का परिवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी। यह मुलाकात लखनऊ स्थित सीएम आवास पर हुई थी। सुबोध की पत्नी, बेटा व कुछ अन्य लोग सीएम योगी ने मिलने पहुंचे थे। मुलाकात में सीएम ने पीड़ित परिवार को भरोसा दिलाया कि उन्हें हर हाल में न्याय मिलेगा। मुलाकात के दौरान उत्तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह भी उपस्थित थे।

गौरतलब है कि, सोमवार (3 दिसंबर) को गोकशी की अफवाह पर बुलंदशहर के स्याना में हिंसा भड़क उठी थी। घटना के दौरान भीड़ ने उत्पात मचाते हुए तोड़फोड़ और आगजनी की थी। हिंसा के दौरान पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की गोली लगने से मौत हो गई थी। इस घटना में सुमित नाम के लड़के की भी गोली लगने से मौत हुई थी।

पुलिस ने 27 लोगों के नाम एफआईआर में दर्ज किए गए हैं। मामले में चार गिरफ्तारियां हुई हैं। वहीं, 50-60 अज्ञातों के खिलाफ भी मामले दर्ज किए गए हैं। मामले की जांच स्पेशल इन्वेस्टिगेश टीम (एसआईटी) कर रही है। जबकि घटना के मुख्य आरोपी के तौर पर बजरंग दल से जुड़े योगेश राज का नाम सामने आया है। योगेश फरार बताया जा रहा है। बीते दिनों योगेश का एक वीडियो सामने आया था। जिसमें वह खुद के बेकसूर होने की बात कह रहा था।

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