उत्तर प्रदेश के उन्नाव में सोमवार को आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। दिल्ली से बिहार जा रही एक बस अनियंत्रित होकर पलट गई, जिसमें कम से कम छह लोगों की मौत हो गई। जबकि 10 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
यह हादसा औरास थाना क्षेत्र में किलोमीटर संख्या 262 के पास हुआ। बताया जा रहा है कि बस का चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा, जिसके बाद बस पलट गई। मृतकों में बिहार के सिवान निवासी सब-इंस्पेक्टर रामचंद्र भी शामिल हैं। वह कैदी छत्रपाल को लेकर दिल्ली गए थे और वापस लौटते समय हादसे का शिकार हो गए।
हादसे में गंभीर रूप से घायल लोगों को इलाज के लिए लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। फिलहाल पुलिस और प्रशासन राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हैं।
इधर, बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने घटना पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “उन्नाव में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर हुए दर्दनाक सड़क हादसे में कई लोगों की मृत्यु अत्यंत दुखद और हृदयविदारक है। मैं दिवंगत आत्माओं को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं तथा शोक संतप्त परिजनों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। ईश्वर से प्रार्थना है कि पुण्य आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और घायलजनों को शीघ्र स्वस्थ करें। ओम शांति!”
वहीं, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी भयावह सड़क हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने एक एक्स पोस्ट में लिखा, “जनपद उन्नाव में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर दुर्भाग्यपूर्ण सड़क हादसे में हुई जनहानि अत्यंत दुखद एवं हृदय विदारक है। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को सद्गति, शोकाकुल परिजनों को यह अथाह दुख सहने की शक्ति तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।”
बाराबंकी में भी दर्दनाक हादसा
गौरतलब है कि इससे पहले उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में भी एक भीषण सड़क हादसा हुआ था, जहां तेज रफ्तार ट्रक ट्रेलर ने घर के बाहर सो रहे लोगों को कुचल दिया। इस हादसे में एक ही परिवार के चार लोगों, जिनमें तीन बच्चे शामिल हैं, उनकी मौत हो गई। जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई।
पुलिस के अनुसार, 35 वर्षीय नीरज की मौके पर ही मौत हो गई। उनके साथ सो रहे 13 वर्षीय अनुराग, 10 वर्षीय अंशिका और 6 वर्षीय अंशु की भी जान चली गई। स्थानीय लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ट्रेलर रात करीब 1 बजे महमूदाबाद की ओर से आ रहा था तभी वह अनियंत्रित हो गया। वाहन ने पहले घर के बाहर सो रहे परिवार को कुचला और फिर सड़क किनारे एक पेड़ से जा टकराया।
नीरज की पत्नी आरती गंभीर रूप से घायल हो गईं। उन्हें पहले जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां से बेहतर इलाज के लिए लखनऊ के राम मनोहर लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया गया।
ग्रामीणों के अनुसार, इलाके में लगातार बिजली कटौती और भीषण गर्मी के कारण परिवार घर के बाहर सो रहा था। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि ट्रेलर चालक वाहन के अंदर सो रहा था और उसने गाड़ी की स्टेयरिंग हेल्पर को सौंप दी थी, जिसकी वजह से हादसा हुआ। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल पहुंचाने में जुट गए।
