ताज़ा खबर
 

योगी बोले- लाल, नीली टोपी से कोई विधायिका को ड्रामा कंपनी न मान ले, सदन में लगे ठहाके

मुख्यमंत्री ने कहा इससे एक नई परिपाटी शुरू हो गई है। ऐसा तो कभी नहीं होता था। ड्रामा पार्टी में ही हम लोग यह सब देखते थे।

Budget session in up assemblyविधानसभा में बोलते यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ। (फोटो- पीटीआई)

यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में विपक्षी सदस्यों के अलग-अलग रंग की टोपी पहन कर आने पर चुटकी लेते हुए कहा कि कहीं लोग इसे ड्रामा कंपनी न मान लें। विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान बोलते हुए कहा एक संवैधानिक प्रमुख होने के साथ-साथ वह महिला भी हैं। कम से कम महिला के नाते तो उनका सम्मान कर लेते। बजट सत्र के पहले दिन 18 फरवरी को संयुक्त सदन में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अभिभाषण किया था। विपक्ष दलों समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और कांग्रेस के सदस्यों ने इसका विरोध करते हुए सदन से बहिर्गमन किया था।

मुख्यमंत्री ने विधानसभा अध्यक्ष के आसन की तरफ रुख करते हुए कहा “कभी हमारी इस विधायिका को लोग यह न मान लें कि यह ड्रामा कंपनी है। कोई लाल टोपी, कोई नीली टोपी, कोई पीली टोपी, कोई हरी टोपी पहन कर आ गया है। एक नई परिपाटी शुरू हो गई है। ऐसा तो कभी नहीं होता था। ड्रामा पार्टी में ही हम लोग यह सब देखते थे।” उनके ऐसा कहने पर सत्ता पक्ष के लोग ठहाके लगाने लगे।

उन्होंने एक वाकये का जिक्र करते हुए कहा, “एक बार मैं बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूल में गया था, वहां एक बच्चे को अन्नप्राशन कराने के दौरान एक पार्टी के कुछ लोग विरोध करने पहुंच गए। उन्होंने टोपी पहनी थी। तभी उस महिला के साथ खड़े ढाई साल के बच्चे ने कहा कि मम्मी वह देखो गुंडा गुंडा। अब आप देखिए कि दो-ढाई साल के एक बच्चे के मन में टोपी पहनकर आने वाले व्यक्ति के बारे में क्या धारणा है। यह धारणा सामान्य रूप से बन चुकी है।”

योगी ने अपील की कि सदन का कोई भी सदस्य इसे व्यक्तिगत आक्षेप न समझे। उन्होंने कहा, “नेता प्रतिपक्ष से अपील करूंगा। आप पगड़ी पहन कर आते, गांव का साफा पहन कर आते तो अच्छा लगता। आप तो वास्तव में उस यथार्थवादी परंपरा के बहुत सशक्त हस्ताक्षर रहे हैं जिसने समाजवादी आंदोलन को ईमानदारी से आगे बढ़ाने का कार्य किया था। आप लोगों को इस प्रकार की चीजों से परहेज करना चाहिए।”

विपक्ष की तरफ इशारा करते हुए योगी ने कहा, “क्या यह प्रदेश सिर्फ सत्ता पक्ष का ही है। क्या यह आपका नहीं है? यहां राष्ट्रीय अपराध अभिलेख ब्यूरो के आंकड़ों को तोड़-मरोड़ कर कहा जाता है कि उत्तर प्रदेश में सर्वाधिक अपराध हो रहे हैं। ऐसा करके हम देश और दुनिया को क्या संदेश दे रहे हैं।”

Next Stories
1 ड्रग केस में एक और बीजेपी नेता गिरफ़्तार, समन भेजे जाने पर आने से कर दिया था इनकार
2 चाट वाले ‘आइंस्टीन चचा’ को हुई जेल, बोले- साई बाबा का भक्त हूं, 2 साल में एक बार ही कटवाता हूं बाल
आज का राशिफल
X