scorecardresearch

महाराष्ट्रः शिंदे कैंप के असंतुष्टों को आदित्य ठाकरे का बुलावा, बोले- कई नेता साध रहे संपर्क

Maharashtra politics: मंत्रिमंडल विस्तार के बाद पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले शिवसेना धड़े ने शिंदे सरकार की आलोचना करते हुए कहा था कि भाजपा को महत्वपूर्ण विभाग आवंटित किए गए हैं।

महाराष्ट्रः शिंदे कैंप के असंतुष्टों को आदित्य ठाकरे का बुलावा, बोले- कई नेता साध रहे संपर्क
महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे। (फोटो सोर्स: ANI)

Maharashtra politics: महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे ने बुधवार (17 अगस्त, 2022) को दावा किया कि एकनाथ शिंदे गुट के फंसे विधायक राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार के बाद उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले धड़े से संपर्क कर रहे हैं।

मीडिया से बात करते हुए, आदित्य ठाकरे ने कहा, “एकनाथ शिंदे गुट में फंसे कुछ लोग अब कैबिनेट विस्तार के बाद हमसे संपर्क कर रहे हैं। हमारे दरवाजे उन सभी के लिए खुले हैं, जो हमसे वापस जुड़ना चाहते हैं।” उन्होंने कहा, “जो भी वहां रहना चाहते हैं, वे अपना इस्तीफा दें और चुनाव में हमारा सामना करें।”

इससे पहले उन्होंने कैबिनेट विस्तार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मंत्रिस्तरीय टीम ने न तो मुंबई की आवाज सुनी और न ही महिलाओं या निर्दलीय विधायकों की आवाज सुनी।

बता दें, अभी हाल ही में उद्धव ठाकरे की शिवसेना ने हाल ही में एक समारोह में अपने बयान के लिए मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे गुट के विधायक प्रकाश सुर्वे के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। प्रकाश सुर्वे ने असली और नकली शिवसेना को लेकर एक बयान दिया था कि यदि आप (अपने समर्थकों से विरोधियों को लेकर) उनका हाथ नहीं तोड़ सकते, तो उनका पैर तोड़ दें। मैं अगले दिन तुम्हें जमानत दिलवाऊंगा।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पिछले हफ्ते अपने मंत्रिमंडल का विस्तार किया। जिसमें शिवसेना के बागी खेमे और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नौ-नौ विधायकों को शामिल किया गया, जो उनकी सरकार का समर्थन कर रहे हैं। मंत्रिमंडल में किसी भी महिला विधायक या निर्दलीय को शामिल नहीं किया गया, जिनकी संख्या अब 20 हो गई है।

जून में शिवसेना नेतृत्व के खिलाफ विद्रोह करने पर शिंदे के साथ गठबंधन करने वाले 14 से 15 विधायकों को मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिली।
विस्तार के बाद पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले शिवसेना गुट ने शिंदे सरकार की आलोचना करते हुए कहा था कि भाजपा को महत्वपूर्ण विभाग आवंटित किए गए हैं। शिवसेना में विद्रोह के कारण जून के अंत में महा विकास अघाड़ी (एमवीए) सरकार गिर गई थी।

पढें राज्य (Rajya News) खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News)के लिए डाउनलोड करें Hindi News App.

अपडेट