उत्तर प्रदेश में अगले साल विधानसभा चुनाव होना है। इस विधानसभा चुनाव में हैट्रिक जमाने के लिए बीजेपी अभी से मिशन मोड में काम कर रही है। हालांकि यूपी में कुछ जिले ऐसे भी हैं, जहां बीजेपी पिछले विधानसभा चुनाव में खाता भी नहीं खोल पायी थी।
इतना ही नहीं यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के बाद साल 2024 में हुए लोकसभा चुनाव में भी बीजेपी को इन जिलों में हार का मुंह देखना पड़ा था। आइए आपको बताते हैं यूपी के उन जिलों के बारे में जहां साल 2022 में हुए विधानसभा चुनाव और 2024 में हुए लोकसभा चुनाव में बीजेपी को करारी हार का सामना करना पड़ा।
गाजीपुर की सातों सीटें जीता सपा गठबंधन
गाजीपुर जिले की सातों विधानसभा सीटों पर यूपी विधानसभा चुनाव 2022 में सपा गठबंधन ने जीत हासिल की थी। इस चुनाव में ओपी राजभर की पार्टी सुभासपा का अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन था। जब चुनाव परिणाम घोषित हुआ तो सुभासपा ने जिले की दो और सपा ने बाकी पांच सीटों पर जीत हासिल की। इसके बाद साल 2024 में गाजीपुर लोकसभा सीट पर हुए चुनाव में सपा के अफजाल अंसारी ने जीत दर्ज की।
हालांकि यह फर्क ये है कि पिछले चुनाव में सपा के साथ लड़ी सुभासपा अभी एनडीए का हिस्सा है और माना जा रहा है कि वो बीजेपी संग गठबंधन में ही चुनाव लड़ेगी। पिछले विधानसभा चुनाव में गाजीपुर सीट को छोड़कर अन्य सभी सीटों पर बड़ी हार का सामना करना पड़ा था।
| क्रम संख्या | विधानसभा सीट | सपा गठबंधन प्रत्याशी – वोट | बीजेपी प्रत्याशी – वोट | अंतर |
| 1 | जखानिया (एससी) | बेदी – 1,13,378 (सुभासपा) | रामराज – 76,513 | 36,865 |
| 2 | सैदपुर | अंकित भारती – 1,09,711 | सुभाष पासी – 73,076 | 36,635 |
| 3 | गाजीपुर | जयकिशन – 92,472 | डॉ. संगीता बलवंत – 90,780 | 1,692 |
| 4 | जंगीपुर | वीरेंद्र यादव – 1,03,125 | रामनरेश कुशवाहा – 68,062 | 35,063 |
| 5 | जहूराबाद | ओपी राजभर – 1,14,860 (सुभासपा) | कालीचरण – 69,228 | 45,632 |
| 6 | मोहम्मदाबाद | सुएब मन्नू अंसारी – 1,11,443 | अलका राय – 92,684 | 18,759 |
| 7 | जमानिया | ओम प्रकाश – 94,695 | सुनीता सिंह – 72,239 | 22,456 |
आजमगढ़ की सभी दस विधानसभा सीटें सपा ने जीतीं
आजमगढ़ जिले को समाजवादी पार्टी का गढ़ कहा जाता है। यहां की सभी दस विधानसभा सीटों पर पिछले चुनाव में समाजवादी पार्टी ने जीत दर्ज की। सभी दस सीटों पर जीत का अंतर 13 हजार वोटों से ज्यादा था। इसके दो साल बाद लोकसभा चुनाव में भी यहां सपा का परचम लहराया और अखिलेश यादव के चचेरे भाई धर्मेंद्र यादव ने यहां जीत दर्ज की।
| क्रम संख्या | विधानसभा सीट | सपा प्रत्याशी – वोट | बीजेपी गठबंधन प्रत्याशी – वोट | अंतर |
| 1 | अतरौलिया | डॉ. संग्राम यादव – 91,502 | प्रशांत सिंह – 74,255 (निषाद पार्टी) | 17,247 |
| 2 | गोपालपुर | नफीस अहमद – 84,401 | सत्येंद्र राय – 60,094 | 24,307 |
| 3 | सगड़ी | ह्दय नारायण पटेल – 83,093 | बंदना सिंह – 60,578 | 22,515 |
| 4 | मुबारकपुर | अखिलेश – 80,726 | अरविंद जायसवाल – 51,623 | 29,103 |
| 5 | आजमगढ़ | दुर्गा प्रसाद यादव – 1,00,813 | अखिलेश मिश्रा – 84,777 | 16,036 |
| 6 | निजामाबाद | आलम बादी – 79,835 | मनोज – 45,648 | 34,187 |
| 7 | फूलपुर-पवई | रमाकांत यादव – 81,164 | रामसूरत- 55,858 | 25,306 |
| 8 | दीदारगंज | कमलकांत राजभर – 74,342 | कृष्ण मुरारी – 60,781 | 13,561 |
| 9 | लालगंज | बेछायी – 83,767 | नीलम – 69,034 | 14,733 |
| 10 | मेहनगर | पूजा – 86,960 | मनोज सरोज – 72,811 | 14,149 |
अंबेडकरनगर विधानसभा की पांच सीटों पर चली सपा की साइकिल
अंबेडकरनगर जिले में कुल पांच विधानसभा सीटें हैं। इन पांचों सीटों पर साल 2022 के विधानसभा चुनाव में सपा ने जीत दर्ज की। अंबेडकर नगर जिले की जलालपुर सीट पर तो बीजेपी के प्रत्याशी सुभाष चंद्र पाल को तीसरे स्थान से संतोष करना पड़ा था। इसके बाद साल 2024 के लोकसभा चुनाव में यहां सपा के लालजी वर्मा ने जीत हासिल की।
| क्रम संख्या | विधानसभा सीट | सपा प्रत्याशी – वोट | बीजेपी प्रत्याशी वोट | अंतर |
| 1 | कटेहरी | लालजी वर्मा – 93,524 | अवधेश कुमार – 85,828 | 7,696 |
| 2 | टांडा | राममूर्ति वर्मा – 95,263 | कपिल देव – 63,166 | 32,097 |
| 3 | आलापुर | त्रिभूवन दत – 74,165 | त्रिवेणीराम – 64,782 | 9,383 |
| 4 | जलालपुर | राकेश पांडेय – 93,668 | सुभाष चंद्र पाल – 71236 (तीसरा स्थान) | 22,432 |
| 5 | अकबरपुर | राम अचल राजभर – 81,931 | धर्मराज निषाद – 69,595 | 12,336 |
कौशांबी में हारे केशव प्रसाद मौर्य, सपा तीनों सीटें जीती
कौशांबी जिले में तीन विधानसभा सीटें आती हैं। इन तीनों ही सीटों पर सपा प्रत्याशियों ने साल 2022 में जीत दर्ज की। इस जिले सिराथू विधानसभा सीट पर सपा के सिंबल पर चुनाव लड़ीं अपना दल कमेरावादी डॉक्टर पल्लवी पटेल ने बीजेपी के दिग्गज नेता केशव प्रसाद मौर्य को हराया। केशव प्रसाद मौर्य साल 2017 के यूपी के डिप्टी सीएम हैं। इस चुनाव के दो साल बाद कौशांबी लोकसभा सीट पर सपा के पुष्पेंद्र सरोज ने जीत हासिल की।
| क्रम संख्या | विधानसभा सीट | सपा प्रत्याशी – वोट | बीजेपी गठबंधन प्रत्याशी – वोट | अंतर |
| 1 | सिराथू | डॉ. पल्लवी पटेल – 1,06,278 | केशव प्रसाद मौर्य – 98,941 | 7,337 |
| 2 | मंझनपुर | इंद्रजीत सरोज – 1,21,506 | लाल बहादुर – 97628 | 23,878 |
| 3 | चायल | पूजा पाल – 88,818 | नागेंद्र प्रताप सिंह पटेल – 75,609 (अपना दल प्रत्याशी) | 13,209 |
यह भी पढ़ें: जब पहली बार भाजपा के समर्थन से मुख्यमंत्री बने थे मुलायम सिंह यादव
1989 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के बाद मुलायम सिंह यादव ने जनता दल के नेता के रूप में बीजेपी के बाहरी समर्थन से मुख्यमंत्री पद संभाला। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।
