ताज़ा खबर
 

संसद से देश को बरगलाया ईरानी ने, रोहित वेमुला की मां ने लगाया झूठ बोलने का आरोप

संसद में ईरानी ने बुधवार को रोहित की खुदकुशी के मुद्दे को लेकर विपक्ष पर जमकर हमला बोला था और आरोप लगाया था कि विपक्ष इस खुदकुशी पर राजनीति कर रहा है।

Author नई दिल्ली | February 27, 2016 9:52 AM
प्रेस कॉन्‍फ्रेंस को संबोधित करतीं रोहित वेमुला की मां। साथ में मौजूद रोहित का दोस्‍त। (Source: ANI/TWITTER)

हैदराबाद विश्वविद्यालय के छात्रावास में खुदकुशी करने वाले दलित शोधार्थी रोहित वेमुला की मां विमल राधिका ने शुक्रवार को मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी पर संसद से देश को बरगलाने का आरोप लगाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से स्मृति ईरानी की बर्खास्तगी की मांग करते हुए उन्होंने आगाह किया कि अगर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरानी और बंडारू दत्तात्रेय के खिलाफ कार्रवाई नहीं की तो भाजपा मिट्टी में मिल जाएगी।

ईरानी पर सीधा हमला बोलते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय मंत्री ने संसद के भीतर रोहित की मौत पर सरासर झूठ बोला। उन्होंने शुक्रवार को दस्तावेजों के जरिए साबित किया कि मंत्री की बातों में तथ्यों की कमी है। राधिका ने कहा कि मंत्रियों, कुलपति और एबीवीपी के उन कार्यकर्ताओं के लिए उम्रकैद की सजा भी पर्याप्त नहीं होगी जो मेरे बेटे की मौत के लिए जिम्मेदार हैं। संवाददाता सम्मेलन में रोहित का भाई राजा और रोहित के साथ आंदोलनरत रहे छात्र साथी भी मौजूद थे।

संसद में ईरानी ने बुधवार को रोहित की खुदकुशी के मुद्दे को लेकर विपक्ष पर जमकर हमला बोला था और आरोप लगाया था कि विपक्ष इस खुदकुशी पर राजनीति कर रहा है। केंद्रीय मंत्री ने कहा था कि रोहित के खिलाफ कार्रवाई करने वाली समिति में एक दलित प्रतिनिधि भी था और रोहित के फांसी लगाने के बाद चिकित्सकों को उसे बचाने के लिए उसके पास जाने नहीं दिया गया। जबकि मीडिया में दस्तावेज दिखाते हुए दावा किया गया कि यह जानकारी गलत है। उसमें इस जांच से जुड़ा एक भी दलित प्रतिनिधि नहीं था। रोहित के साथी प्रशांत ने आरोप लगाया कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से आए संवाद के जवाब में 11 सदस्यीय कार्यकारी परिषद ने छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की थी और इस परिषद में कोई दलित सदस्य नहीं था। रोहित के दोस्त ने कहा कि मंत्री ने पुलिस आयुक्त सीवी आनंद और पुलिस महानिरीक्षक मुरुगेश कुमार सिंह की ओर से हाई कोर्ट में सौंपे गए उन हलफनामों का हवाला क्यों नहीं दिया जिनमें सुशील कुमार (एबीवीपी नेता) के साथ मारपीट की किसी घटना का उल्लेख नहीं है।

वेमुला की मां ने कहा कि 17 जनवरी से आज तक हैदराबाद विश्वविद्यालय के कुलपति से मिलने की उन्होंने कई कोशिशें कीं लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन मिल न सका। मौत की बजाए रोहित की जाति की जांच की गई कि वे दलित हैं भी कि नहीं। और, जाति का सवाल बार-बार इसलिए उठाया जा रहा है ताकि रोहित की मौत के मामले में न्याय दिलाने के असली मुद्दे से ध्यान भटकाया जा सके। रोहित के भाई विमल राजा चैतन्य ने ईरानी के बयान को सरासर झूठ बताया कि कैंपस सील था।

उन्होंने कहा कि वे 17 जनवरी को खुद विश्वविद्यालय परिसर में रात 8:30 बजे पहुंच गए थे और वहां देखा कि पुलिस और डाक्टर रोहित के शव के पास खड़े थे। रोहित के साथ विश्वविद्यालय से निकाले गए उसके दोस्त प्रशांत ने हैदराबाद विश्वविद्यालय की कार्यकारी परिषद की बैठक के ब्योरा का हवाला दिया और दावा किया कि रोहित के खिलाफ कार्रवाई मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से किए गए संवाद के कारण हुई। प्रशांत ने सवाल किया कि स्मृति ईरानी ने अपने भाषण में 18 दिसंबर को रोहित की ओर से कुलपति अप्पा राव को लिखे गए पत्र का उल्लेख क्यों नहीं किया जिसमें उसने कहा था कि अगर विश्वविद्यालय दलित छात्रों को नहीं चाहता तो उन्हें ‘रस्सी या सोडियम एजाइड’ दे दे। उन्होंने कहा कि यह प्रमुख प्रमाण है। ईरानी इस पत्र को छिपा रही हैं? राधिका ने कहा कि राव ने इस पत्र के बारे में कभी उन्हें नहीं बताया और अब तक उनसे मुलाकात भी नहीं की है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App