पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में दोषी जगतार सिंह हवारा को जल्द पैरोल मिल सकती है। इस मामले में पूर्व केंद्रीय मंत्री और बीजेपी के नेता रवनीत सिंह बिट्टू ने बुधवार शाम को राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया से मुलाकात की।
रवनीत सिंह बिट्टू बेअंत सिंह के पोते हैं। बेअंत सिंह की साल 1995 में हरियाणा और पंजाब सचिवालय के बाहर उग्रवादियों ने बम धमाके में हत्या कर दी थी।
बुधवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान राज्यपाल कटारिया से मिले थे। मान ने कहा था कि हवारा की मां की तबीयत बहुत खराब है और वह अपने बेटे से मिलना चाहती हैं। इससे पहले मान सरकार ने हवारा की पैरोल की सिफारिश को लेकर राज्यपाल को पत्र भी लिखा था।
मान सरकार ने हवारा के लिए 10 दिन की पैरोल मांगी है लेकिन कहा जा रहा है कि उसे एक या दो दिन की पैरोल मिल सकती है।
कटारिया ने केंद्र सरकार को भेजी रिपोर्ट
इस मामले में पंजाब के राज्यपाल और चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाबचंद कटारिया ने केंद्र सरकार को रिपोर्ट भेजी है और इसमें मानवीय आधार पर पैरोल दिए जाने की बात कही गई है।
रवनीत सिंह बिट्टू का कहना है कि वह इस मुद्दे को लेकर पिछले 10 दिन से राज्यपाल के संपर्क में थे और अब इस मामले में सकारात्मक रिपोर्ट भेज दी गई है। इसके अलावा चंडीगढ़ पुलिस ने भी केंद्र को पॉजिटिव रिपोर्ट भेजी है और इसमें कहा गया है कि अगर जगतार सिंह हवारा की उसकी मां से मुलाकात होती है तो इससे पंजाब में कानून व्यवस्था या शांति के लिए कोई खतरा पैदा नहीं होगा।
बिट्टू ने कहा है कि उन्होंने इस मामले में केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजी गई सकारात्मक रिपोर्ट का स्वागत किया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री बिट्टू ने कहा कि हवारा की मां बुजुर्ग और बीमार हैं इसलिए उसे मानवीय आधार पर पैरोल दी जानी चाहिए और स्वर्गीय बेअंत सिंह का परिवार इसका समर्थन करता है।
बिट्टू ने कहा कि हवारा की मां अपने बेटे को बहुत याद करती हैं।
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