ताज़ा खबर
 

जयपुर: बच्ची से बलात्कार पर गुस्सा, हिंदू-मुस्लिम का रंग देने पर भड़का तनाव, आगजनी

सोशल मीडिया के जरिए इस मामले ने सांप्रदायिक रंग ले लिया। इस पर नाराज लोगों ने उस अस्पताल, जिसमें पीड़िता का इलाज चल रहा है, उसके बाहर विरोध प्रदर्शन शुरु कर दिया।

Author नई दिल्ली | July 3, 2019 10:05 AM
बलात्कार की इस घटना ने सांप्रदायिक रंग ले लिया है।

जयपुर में एक नाबालिग बच्ची के साथ बलात्कार की घटना सामने आयी है। इस घटना के विरोध में लोग सड़कों पर उतर आए हैं। दो समुदायों से जुड़ा मामला होने के चलते घटना ने सांप्रदायिक रंग ले लिया है। मंगलवार को जयपुर के कई इलाकों में अफवाहों और बवाल के चलते तनाव का माहौल रहा। घटना के विरोध में गुस्साई भीड़ ने कई वाहनों में तोड़फोड़ और आगजनी की और कई घरों पर पत्थर भी फेंके गए।

जयपुर पुलिस कमिश्नर आनंद श्रीवास्तव के अनुसार, सोमवार की रात में पीड़ित बच्ची को एक अज्ञात व्यक्ति अपनी मोटरसाईकिल पर उसे अपने साथ ले गया। यह घटना करीब रात 7.30 बजे से लेकर 8 बजे के बीच की है। पुलिस के अनुसार, आरोपी दो घंटे के बाद पीड़िता को उसके घर से कुछ दूर छोड़कर फरार हो गया। माना जा रहा है कि इसी दौरान पीड़ित बच्ची के साथ बलात्कार किया गया। घर पहुंचने के बाद पीड़िता ने अपने परिजनों को आपबीती सुनायी। जिसके बाद परिजनों ने इसकी शिकायत पुलिस से की। सोशल मीडिया के जरिए इस मामले ने सांप्रदायिक रंग ले लिया। इस पर नाराज लोगों ने उस अस्पताल, जिसमें पीड़िता का इलाज चल रहा है, उसके बाहर विरोध प्रदर्शन शुरु कर दिया।

बताया जा रहा है कि इसी दौरान लोगों की गुस्साई भीड़ ने कई वाहनों में तोड़फोड़ और आगजनी की। इस दौरान भीड़ ने दूसरे समुदाय के लोगों के घरों और पुलिस पर पत्थरबाजी भी की। मंगलवार की सुबह भाजपा के जयपुर जिलाध्यक्ष मोहन लाल गुप्ता की अगुवाई में लोगों ने पुलिस थाने का घेराव किया और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। ऐसी खबरें हैं कि गुस्साई भीड़ ने मोहन लाल गुप्ता के वाहन में भी तोड़-फोड़ की और उनके घर पर पत्थर भी फेंके। पुलिस के अनुसार, गुस्साई भीड़ ने 30 वाहनों में तोड़फोड़ और आगजनी की, वहीं कई लोगों का कहना है कि यह आंकड़ा दोगुना है।

फिलहाल जयपुर पुलिस ने 16 आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। राजस्थान के स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा इन दिनों दिल्ली में हैं और उन्होंने मामले की जानकारी होने पर इसके बारे में जानकारी ली और पीड़ित बच्ची के इलाज में कोई कोताही ना बरतने के निर्देश दिए। बच्ची का इलाज मुफ्त में किया जाएगा। वहीं पुलिस ने बवाल के आरोपियों को पकड़ने के लिए 12 टीमों का गठन किया है। तनावग्रस्त इलाकों में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। अफवाहों को रोकने के लिए जयपुर के कई इलाकों में इंटरनेट सेवाएं स्थगित कर दी गई हैं।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App