राजस्थान के अलवर जिले में एक भीषण हादसा हुआ है। यहां पर भिवाड़ी इंडस्ट्रियल एरिया में एक केमिकल फैक्ट्री में भीषण आग लग गई, जिसमें सात मजदूरों की मौत हो गई। घटना के वक्त करीब 25 मजदूर फैक्ट्री में मौजूद थे। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया है। इस बीच राजस्थान सरकार में मंत्री संजय शर्मा ने बड़ा बयान दिया है।

मजदूरों की सिर्फ हड्डियां ही मिली- मंत्री

संजय शर्मा ने कहा कि मैं जयपुर जा रहा था और इस दौरान मुझे घटना के बारे में पता चला। उन्होंने बताया कि मैंने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जी को इस घटना के बारे में बताया और उन्होंने मुझे तुरंत यहां पर भेजा। जब मैं यहां पर आया तो 7 श्रमिकों की मौत हो चुकी थी और उनकी बॉडी पूरी तरह से जल चुकी है, केवल हड्डियां ही प्राप्त हुई है। मंत्री ने कहा कि मैंने जिला कलेक्टर से बात की और उन्हें निर्देश दिए।

मंत्री के अनुसार जिस प्लॉट पर हादसा हुआ, वह राजेंद्र नाम के व्यक्ति को लीज पर दी गई थी और उन्होंने इसे दूसरे को दे दिया। यह पूरी तरह से गारमेंट जॉन है और बिजली का कनेक्शन राजेंद्र के नाम पर आता था। उन्होंने बताया कि यहां पर गारमेंट के अलावा किसी भी अन्य प्रकार की गतिविधि अवैध है, लेकिन आतिशबाजी का काम चोरी चुपके से हो रहा था। जिला कलेक्टर ने ऐसा मुझे बताया है।

डीएनए टेस्ट से होगी शवों की जांच

मंत्री संजय शर्मा ने बताया कि हमें केवल हड्डियां ही मिली है, ऐसे में सभी का शव डीएनए टेस्ट के माध्यम से जांच की जाएगी और उसके बाद उनके परिवारों को सौंपा जाएगा। उन्होंने बताया कि ज्यादातर मजदूर बिहार के मोतिहारी के रहने वाले थे। उन्होंने बताया कि मोतिहारी कलेक्टर के साथ हमारे जिले के कलेक्टर संपर्क में हैं और जल्द ही उनके शव को उनके परिजनों को सौंपा जाएगा।

मंत्री से पत्रकारों ने लापरवाही को लेकर सवाल पूछा तो उन्होंने कहा कि जिला अधिकारी और प्रशासन को निर्देश दिया गया है कि वह एक कमेटी बनाएं और क्षेत्र के सभी प्लॉट की जांच करें। उन्होंने कहा कि जिस काम के लिए कंपनी ने सर्टिफिकेट लिया है, अगर उसके विपरीत कोई भी काम होता है तो उनके खिलाफ कार्यवाही भी की जाएगी। पढ़ें भिवाड़ी में केमिकल फैक्ट्री में भीषण आग के बाद धमाके